- एसडीएम की जांच में कर्मचारी सेवा आचरण नियमावली के पाए गए दोषी
- डीएम ने नगर निकाय निदेशक को कार्रवाई के लिए लिखा पत्र
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। नगर पंचायत मेंहदावल के पूर्व ईओ और चेयरमैन के बीच हुए विवाद की जांच एसडीएम ने पूरी कर ली है। एसडीएम ने अपनी जांच रिपोर्ट डीएम को सौप दी है, जिसमे तत्कालीन ईओ कर्मचारी सेवा आचरण नियमावली के दोषी पाए गए है। डीएम ने ईओ के खिलाफ नगर निकाय के निदेशक को पत्र भेज दिया है।
एसडीएम मेंहदावल ने जांच रिपोर्ट में कहा है कि तत्कालीन ईओ संदीप कुमार सरोज, मेंहदावल अध्यक्ष व उनके प्रतिनिधि और संविदा कर्मी संजय कुमार को बुलाकर 9 फरवरी को बयान दर्ज किया गया। जिसमें यह पाया गया कि तत्कालीन अधिशासी अधिकारी संदीप कुमार सरोज मुख्यालय पर उपस्थित नहीं थे। उनकी अनुपस्थिति में नवागत ईओ ने नगर पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि व सभासद की उपस्थिति में नगर पंचायत कार्यालय स्थित आवास का निरीक्षण किया। लेकिन उनके निजी कमरे में प्रवेश नहीं किया।
शासकीय आवास में 10 लाख रुपये चोरी करने के आरोप के संबंध में तत्कालीन ईओ के जरिए कोई साक्ष्य उपलब्ध नहीं कराया गया। न ही इस धन के स्रोत के बारे में बताया गया। नगर पंचायत के नवागत अधिशासी अधिकारी के आवास के निरीक्षण करने पर तत्कालीन ईओ संदीप कुमार सरोज ने आवेश में आकर फोन पर आउटसोर्सिंग कर्मचारी को अमर्यादित शब्द कहा। जांच रिपोर्ट में कहा गया कि अगर कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई करनी थी तो विधिक प्रकिया के तहत किए होते। अपशब्द कहना कर्मचारी सेवा नियमावली के प्रतिकूल है।
ईओ और चेयरमैन के बीच यह था मामला
मेंहदावल नगर पंचायत में तैनात अधिशासी अधिकारी संदीप कुमार सरोज का स्थानांतरण हो गया। उसके बाद नवागत ईओ पंकज कुमार 4 फरवरी को नगर पंचायत कार्यालय आए। कार्यालय के कर्मचारियों से मिलजुल कर वह ऊपर के कमरे में पहुंचे तो वहां ताला लगा हुआ था। नवागत अधिशासी अधिकारी ने कमरे में ताला लगा होने का कारण पूछा तो यह बताया गया कि पूर्व अधिशासी अधिकारी संदीप कुमार सरोज का आवास है। कुछ लोगों ने आवास की देखभाल करने वाले नगर पंचायत के कर्मचारियों को फोन कर मौके पर बुलाया और आवास का ताला खुलवाकर उसके अंदर चले गए।
मामले की जानकारी जब तत्कालीन अधिशासी अधिकारी संदीप कुमार सरोज को हुई तो वह 5 फरवरी को नगर पंचायत के एक कर्मचारियों को फोन कर उनकी गैरमौजूदगी में आवास का ताला खुलवाने व उसमें जाने पर आपत्ति दर्ज कराते हुए सवाल-जवाब किया। इस दौरान कर्मचारी के मोबाइल फोन पर कुछ अपशब्द भी कहा था। यह मामला थाने तक पहुंचा था। इसके बाद मामले की गंभीरता को लेकर डीएम ने एसडीएम मेंहदावल को जांच सौंपी थी।
एसडीएम मेंहदावल ने जांच रिपोर्ट सौंप दी है। जिसमें तत्कालीन ईओ संदीप कुमार सरोज कर्मचारी सेवा आचरण नियमावली के दोषी पाए गए हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई के लिए नगर निकाय निदेशक को पत्र भेजा गया है।
- महेंद्र सिंह तंवर, डीएम