मेंहदावल। विद्यालय प्रबंध समिति की सक्रियता से विद्यालयों का संचालन प्रभावी और सुव्यवस्थित हो सकता है। मंगलवार को यह बातें बीआरसी सभागार में एक दिवसीय विद्यालय प्रबंध समिति के अध्यक्ष और सचिव के संयुक्त प्रशिक्षण में बीईओ ज्ञानचंद्र मिश्र ने कही। इसमें विद्यालय प्रबंध समिति के गठन, अधिकारों और जिम्मेदारियों पर विस्तृत चर्चा हुई।
उन्होंने कहा कि प्रबंध समिति के माध्यम से अभिभावकों को विशेष भूमिका और दायित्व निर्धारित किया गया है। शिक्षक का दायित्व है कि विद्यालय प्रबंध समिति के सदस्यों को समय-समय पर विद्यालय की कार्य प्रणाली, विभिन्न प्रावधानों और कार्यक्रमों आदि पर जागरूक करें और तथा जोड़ने का प्रयास करें। विद्यालय की प्रबंध समिति व शिक्षक मिलकर काम करें।
संदर्भ दाता प्रशिक्षक अजय कुमार, प्रफुल्ल त्रिपाठी, प्रदीप कुमार चौधरी, निशांत त्रिपाठी ने कहाकि समय-समय पर छात्रों, अभिभावकों से शिक्षा की गुणवत्ता, बुनियादी सुविधाओं का फीडबैक लेते रहे। जिससे अभिभावकों और समुदाय के बच्चों की शिक्षा के प्रति संवेदनशील बनाने के लिए लगातार प्रयास हो सके।
इस अवसर पर उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षक संघ ब्लॉक अध्यक्ष प्रेम प्रकाश दूबे, राष्ट्रीय शैक्षिक संघ ब्लॉक अध्यक्ष अनूप सिंह, राकेश कुमार सिंह, कमलेश चंद्र त्रिपाठी, नृपेंद्र त्रिपाठी, अरविंद मिश्र, सुनील शुक्ला, सरवरे आलम, सीताराम, अनिरुद्ध लाल, सूर्य बहादुर सिंह, लक्ष्मी देवी आदि मौजूद रही।