सेमरियावां के जातेडीहा दुबौलियाके ग्राम प्रधान की गिरफ्तारी की मांग को लेकर राज्य कर्मियों का धरना शुक्रवार को भी जारी रहा। दोपहर में धरना स्थल पर जातेडीहा दुबौलिया के प्रधान नसीमुद्दीन पहुुुंचे और लेखाकार से मांफी मांगी। इसके बाद कर्मचारियों ने धरना समाप्त किए जाने की घोषणा की। कर्मचारियों का आंदोलन समाप्त होते ही विकास भवन में चहल पहल बढ़ गई। सभी कार्यालयों में कामकाज शुरू हो गया।
ग्राम्य विकास मिनिस्टीरियल एसोसिएशन के अध्यक्ष प्रवीण कुुमार यादव ने कहा कि सेमरियावां के सहायक लेखाकर रामबेलास को जातेडीहा दुबौलिया के प्रधान नसीमुद्दीन ने तीन जून को मारा पीटा और दुर्व्यवहार किया था। इतना ही नहीं बीडीओ प्रवीण कुमार शुक्ला के साथ भी अभद्रता की गई। सहायक लेखकार ने प्रधान के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। आरोपी प्रधान की गिरफ्तारी की मांग को लेकर कर्मचारी संगठन पिछले पांच दिनों से आंदोलित था। आगे बताया कि शुक्रवार को भी कर्मचारी धरना दे रहे थे। पीडब्लूडी, बेसिक शिक्षा विभाग ,डीआईओएस कार्यालय के कर्मचारियों ने भी आंदोलन में सहभागिता की। धरना स्थल पर जातेडीहा दुबौलिया के प्रधान नसीमुद्दीन पहुंचे और घटना पर क्षोभ व्यक्त करते हुए सहायक लेखाकार रामबेलास से माफी मांगी और भविष्य में इस तरह की घटना नहीं होने का वादा किया। सहायक लेखकार का गुस्सा शांत हुआ और उसने प्रधान को माफ कर दिया। उसके बाद कर्मचारियों ने धरना समाप्त कर दिया। इस दौरान संयुक्त राज्य कर्मचारी परिषद के अध्यक्ष शक्ति विकास उपाध्याय, चंद्रप्रकाश प्रजापति, सत्येंद्र कुमार श्रीवास्तव, रवि कुमार गौड़, बंडूलाल, अशोक कुमार, चंद्रप्रकाश, हीरालाल, अनिल कुमार सिंह, शंभूनाथ, सूदर्शनराम, प्रवीण कुमार चौधरी, दीप श्रीवास्तव, चेतराम, अनिल सिंह, लालचंद्र चौहान, उदयराज यादव, ध्रुवचंद्र कन्नौजिया, परमहंस गौतम, गणेश प्रसाद यादव, विवेक कुमार पांडेय, वीरेंद्र कुमार गुप्ता, राधेश्याम, कुलदीप कुमार मौर्य, संतीशचंद्र श्रीवास्तव, केशव सहाय, प्रदीप कुमार पांडेय, राजेश कुमार, शफीक अहमद आदि उपस्थित रहे।