संतकबीरनगर। मौसम में उतार-चढ़ाव बना हुआ है। रविवार को जहां कोहरा छंट गया था और लोगों ने राहत महसूस की थी, वहीं सोमवार को फिर कोहरे का असर दिखा। घने कोहरे के कारण लोगों की दिनचर्या प्रभावित हो गई। कोहरे का असर वाहनों की रफ्तार पर भी पड़ा और वाहनों की रफ्तार धीमी पड़ गई। कोहरे के बीच सर्द हवा ने ठंड बढ़ा दी। ठंड को देखते हुए डीएम ने कक्षा एक से आठ तक के सभी स्कूलों को 23 दिसंबर को बंद कर दिया है। ठंड से बचने के लिए अधिकतर लोग अलाव के सहारे देखे गए। दफ्तरों में कर्मचारी देर से पहुंचे और हीटर जलाकर खुद को गर्म रखने का प्रयास करते दिखे। फरियादी भी काफी कम आए।
सोमवार को सुबह से ही घना कोहरा छाया रहा। इसके साथ ही आसमान में बादल छाए रहे। कोहरे के चलते करीब 50 मीटर तक साफ दिखाई नहीं पड़ रहा था। जिसके कारण वाहन काफी धीमी गति से चले। वाहन चालकों को हेड लाइट जलाकर चलने के लिए मजबूर होना पड़ा। दूसरी तरफ सर्द हवा भी चलती रही। इससे ठंड का व्यापक असर दिखा। लोग देर से घरों से बाहर निकले। रोजमर्रा की जरूरतों के लिए जो बाजार आए वह ठंड से कांपते रहे।
जहां भी अलाव जलता दिखा, वहीं पर ठहर गए। इस बीच अधिकतम तापमान 19 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान नौ डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। कोहरे और ठंड के कारण दुकानों के शटर सुबह 10 बजे तक नहीं खुले। हालांकि दोपहर बाद करीब ढाई बजे हल्की धूप निकली तो चहल-पहल बढ़ गई। बरदहिया बाजार में बड़ी संख्या में लोग ऊनी कपड़ों की खरीदारी में जुटे रहे। इधर कुमारगंज अयोध्या के मौसम वैज्ञानिक अमरनाथ मिश्र ने कोहरे का असर अभी बने रहने की संभावना है। हालांकि, मौसम साफ होगा और धूप निकलेगी, जिससे लोगों को ठंड से थोड़ी राहत मिल सकेगी।
फसलों के लिए फायदेमंद है कोहरा
कोहरे व ठंड के कारण जहां लोग परेशान हो रहे हैं वहीं कोहरे से गेहूं की फसल को लाभ पहुंच रहा है। इससे किसान खुश नजर आ रहे हैं। किसान राधेश्याम, सुरेंद्र आदि ने बताया कि कोहरे से गेहूं की फसल की बार-बार सिंचाई की चिंता दूर हो गई है। कोहरा ऐसे ही बना रहा तो फसल अच्छी होगी।
कोहरे और ठंड को देखते हुए शहर के सार्वजनिक स्थलों पर अलाव की व्यवस्था की गई है। इसके साथ ही रैन बसेरे भी सक्रिय है। यहां पर ठहरने के लिए पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। जरूरत पड़ी तो और स्थानों पर भी अलाव की व्यवस्था की जाएगी। -अवधेश कुमार, ईओ नगर पालिका, खलीलाबाद
सुबह के समय छाया रहा कोहरा-संवाद
सुबह के समय छाया रहा कोहरा-संवाद