डीएम सुरेश कुमार ने शुक्रवार शाम को कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय बघौली और खलीलाबाद का निरीक्षण किया।
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डीएम सुरेश कुमार ने शुक्रवार शाम को कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय बघौली और खलीलाबाद का निरीक्षण किया। जिसमें बघौली के स्कूल में छात्राओं को दोपहर में भोजन नहीं मिला था। जिस पर डीएम ने नाराजगी जताई और मौजूद वार्डेन को कड़ी फटकार लगाते हुए चेतावनी जारी करने का निर्देश बीएसए को दिया। इसके साथ ही इस विद्यालय पर कई तरह की अनियमितता पाई गईं।
जब डीएम कस्तूरबा विद्यालय बघौली पर पहुंचे तो वहा पर 90 के सापेक्ष मात्र पांच छात्राएं मिलीं। कम संख्या देख डीएम ने नाराजगी जाहिर की। इसी दौरान छात्राओं ने भोजन न मिलने की शिकायत की तो डीएम चौंके और भोजन न बनने कारण पूछा तो वार्डेन ने सिलिंडर न होना बताया। डीएम ने कहा कि छात्राओं को भोजन न मिलना अनियमितता की श्रेणी में आता है। इतनी रकम सरकार इन छात्राओं के पठन पाठन के लिए भेज रही वह कहां जा रही है। डीएम ने वार्डेन मीरा चौधरी को कड़ी फटकार लगाते हुए कहा कि विद्यालय को मंदिर की तरह से सजाकर रखें। छात्राओं में शैक्षिक स्तर भी काफी खराब मिला। उन्होंने वार्डेन को आदत में सुधार लाने का निर्देश दिया। इसके बाद डीएम ने रसोई घर को देखा तो वहां रखे चूड़े की गुणवत्ता खराब मिली।
उन्होंने सामान आपूर्ति करने वाली संस्था के विरुद्ध कार्रवाई करने का निर्देश दिया। इसके साथ ही अन्य कई कमियां पाई गई। जिसे सुधारने का निर्देश डीएम ने दिया। इसके बाद डीएम कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय खलीलाबाद का निरीक्षण किया। यहां 35 छात्राएं मिलीं। जहां पर वार्डेन को आवश्यक दिशा निर्देश दिया। निरीक्षण के दौरान खंड शिक्षा अधिकारी आर डी प्रसाद, डीसी बालिका शिक्षा रजनीश वैद्यनाथ समेत अन्य मौजूद रहे।