बिना परमिट चल रहे स्कूली वाहनों पर कसी जाएगी नकेल, समिति गठित
- प्रत्येक चालक का पुलिस करेगी सत्यापन
- डीएम के निर्देश पर आठ सदस्यीय समिति का गठन हुआ
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। स्कूलों में बिना परमिट और फिटनेस के चल रहे वाहनों पर प्रशासन ने नकेल कसने की तैयारी शुरू कर दी है। इसके लिए डीएम के निर्देेश पर विद्यालय परिवहन सुरक्षा समिति का गठन किया गया है। जिसमें प्रशासनिक अधिकारी, एसओ, बीडीओ समेत अन्य अधिकारी शामिल है। यह टीम विद्यालयों में जाकर बसों की जांच करेगी।
मगहर में स्कूली बस की चपेट में आने से हुए बालक की मौत के बाद प्रशासन ने स्कूली बसों की जांच कराने का वृहद अभियान चलाने की तैयारी की है। जिसके लिए विद्यालय परिवहन सुरक्षा समिति का गठन किया गया है। इसमें संबंधित विद्यालय के प्राधिकारी अध्यक्ष, संबंधित तहसील के नायब तहसीलदार सदस्य, विद्यालय से नियुक्त दो प्रतिनिधि सदस्य, संबंधित थाने के एसओ सदस्य, बीडीओ सदस्य, जीजीआईसी की प्रधानाचार्य सदस्य, विद्यालय यान आपरेट के दो प्रतिनिधि सदस्य, स्थानीय निकाय के अध्यक्ष सदस्य होंगे। यह समिति विद्यालयों में बसों के फिटनेस प्रमाणपत्र, बीमा प्रमाणपत्र, परमिट, प्रदूषण नियंत्रण प्रमाणपत्र, चालान अनुज्ञप्ति का परीक्षण करेगी और नियमों के पालन का निर्देश देगी। इसके साथ ही बसों की फीस और स्टॉप निर्धारित करेगी। बस की स्पीड, ड्राइवर का यूनिफार्म, पहचान पत्र, बस पर ड्राइवर और प्रधानाचार्य का मोबाइल नंबर, नेम प्लेट आदि भी लगवाया जाएगा। प्रत्येक चालक का पुलिस सत्यापन करेगी और बसों में सीट बेल्ट का पालन कराएगी। यह समिति जुलाई, अक्तूबर, जनवरी और अप्रैल में बैठक करेगी और बसों में मिल रही कमियों पर चर्चा करेगी तथा उसे दूर कराएगी। समिति अपनी रिपोर्ट डीएम के समक्ष प्रस्तुत करेगी।
स्कूल में चल रही बसों का रूट निर्धारित किया जाएगा, इसके साथ ही बसें 15 साल से पुरानी नहीं होनी चाहिए। समिति का गठन हो चुका है, यह समिति समय-समय पर बसों के परमिट, यथास्थिति, चालक का रिकार्ड आदि की जांच करेगी। मानक के अनुरूप बस न मिलने पर कार्रवाई करेगी।
गिरीश कुमार सिंह, डीआईओएस