प्रांतीय कार्यकारिणी के निर्देश पर शुक्रवार को जिला अस्प्ताल में तैनात स्टाफ नर्स अस्पताल के बरामदे में धरने पर बैठ गई। इस दौरान नर्सो ने नारेबाजी की।
स्टाफ नर्स एसोसिएशन की अध्यक्ष जयंत्री देवी ने कहा कि संगठन सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों का विरोध कर रहा है। इस आयोग में कर्मचारियों के हितों में कोई खास लाभ नहीं है।
इसे बदला जाए। जब तक उनके हम में सिफारिशें नहीं होंगी तब तक समय समय पर उनका विरोध चलता रहेगा। उन्होंने कहा कि स्टाफ नर्स लगातार काम करती है उन्हे वाजिब सम्मान दिया जाए।
स्टाफ नर्स के धरने पर बैठने के चलते महिला वार्ड में इलाज के लिए आए मरीज हलकान रहे। अपनी पत्नी को दिखाने आए रामसुमेर, सुरेंद्र का कहना है कि अस्पताल में कोई नर्स नहीं है।
चिकित्सक भी नहीं है। किसे दिखाया जाए। हालांकि बाद में चिकित्सक पहुंच गई और संविदा पर तैनात नर्सो के सहयोग से मरीजों को इलाज किया।
धरने पर मंडल अध्यक्ष लाल देव, निर्मला चौधरी, सरोज मौर्या, सुनीता भारती, हेमंती आर्य, शशि प्रभा रावत, पूर्णिमा, पुष्पा राय, सुनीता गौतम समेत अन्य मौजूद रहे।