मेंहदावल। निशुल्क और अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम के अंतर्गत 06-14 आयु वर्ग के समस्त बालक-बालिकाओं को प्रारंभिक शिक्षा प्राप्त करने का अधिकार है। ऐसे आउट ऑफ स्कूल बच्चों का पंजीकरण, नामांकन, आकलन की ट्रैकिंग भी होगी। ये बातें शनिवार को बीआरसी पर चल रहे तीन दिवसीय प्रशिक्षण शिविर में बीईओ ज्ञानचंद्र मिश्र ने कहीं।
उन्होंने कहा कि पांच साल से अधिक और 14 आयु वर्ग के ऐसे बच्चे जिन्हें किसी विद्यालय में नामांकित नहीं किया गया है अथवा नामांकन के उपरांत वे अपनी प्रारंभिक शिक्षा पूर्ण नहीं कर सके हैं उनका चिह्नीकरण करते हुए नामांकन आयु संगत कक्षा में कराया जाएगा। बच्चों के चिह्नीकरण की प्रक्रिया को स्पष्ट करने के उद्देश्य से शासन ने आउट ऑफ स्कूल बच्चों को परिभाषित किया है। विद्यालय में बच्चों का नामांकन कार्यक्रम शिक्षा का आधारभूत क्रियाकलाप है। जिसके बिना शैक्षिक दायित्वों का निर्वहन नहीं हो सकता है। यह कार्य शैक्षिक सत्र के पूर्व तैयारी किए जाने से संबंधित है। शिक्षक बच्चों के चिह्नीकरण एवं पंजीकरण का कार्य किसी भी दिन और किसी समय कर सकते हैं। विद्यालय में सेवित बस्तियों से छह से 14 आयु वर्ग के सभी आउट ऑफ स्कूल बच्चों का पंजीकरण अनिवार्य है। विद्यालय में नामांकित आउट ऑफ स्कूल बच्चों के लिए अधिगम स्तर के अनुसार विशेष प्रशिक्षण की व्यवस्था होगी। आउट ऑफ स्कूल बच्चों के चिह्नीकरण, नामांकन के अनुश्रवण के लिए समग्र शिक्षा अभियान ने यूनिसेफ के सहयोग से पोर्टल को विकसित किया गया है। इस अवसर पर अनूप सिंह, प्रेम प्रकाश दूबे, राकेश कुमार सिंह, श्रीप्रकाश सिंह, नृपेंद्र त्रिपाठी, सुरेश चंद्र, राम हरी, अब्दुल गनी खान, सर्वेश कुमार त्रिपाठी, सरवरे आलम, जुबेर अहमद अंसारी, राजकुमार, चंदन कुमार आदि मौजूद रहे।