महुली मे ंपंजीकरण शिविर में खाद्य टीम के अधिकारी।
धनघटा। महुली टैक्सी स्टैंड तिराहे पर मंगलवार अपराह्न बाद खाद्य सुरक्षा और औषधि टीम को फर्जी समझकर रेहड़ी और ठेला दुकानदार रोक लिए। सूचना पर पहुंची पुलिस की छानबीन में टीम असली विभागीय मिली। इसके बाद टीम द्वारा लाइसेंस प्रक्रिया शुरू किया। खाद्य सुरक्षा और औषधि टीम द्वारा लगाए कैंप में 19 लोगों का पंजीकरण हुआ।
बता दें कि क्षेत्र के महुली तिराहे पर अपराह्न बाद रेहड़ी और ठेला वाले दुकान लगाकर सामान बिक्री शुरू किया।
इसी दौरान चार पहिया वाहन से कुछ लोग नीचे उतरे। चौराहे पर स्थित एक दुकान के अंदर खाद्य सुरक्षा एवं औषधि का मेगा कैंप का बैनर लगाकर बैठ गए। कुछ कर्मचारी बाहर रेहड़ी और ठेला वालों से रजिट्रेशन कराने के लिए आधार कार्ड मांगने लगे। दुकानदारों की मानें तो टीम की हड़बड़ी देख शंका हुई तो किसी ने पुलिस को सूचना दिया।
मौके पर इंस्पेक्टर रजनीश राय मय फोर्स पहुंचे और टीम से जानकारी ली। विभागीय टीम होने की पुष्टि के बाद पुलिस चली गई। इसके बाद 19 रेहड़ी-ठेला चालकों ने खाद्य लाइसेंस के लिए आवेदन दिया। खाद्य सुरक्षा अधिकारी धनघटा सच्चिदानंद गुप्ता और मेंहदावल के खाद्य सुरक्षा अधिकारी बृजेश कुमार ने कैंप में पंजीकरण की संख्या में दस प्रतिशत वृद्धि किए जाने के प्रति जागरूक किया। उन्होंने बताया कि जिनका किन्हीं कारणों से पंजीकरण नहीं हो पाया है। वह कार्यालय में आकर अपना पंजीकरण करा लें। अन्यथा सघन जांच के दौरान पकड़े जाने पर दो लाख तक जुर्माना लग सकता है।