- मोतीनगर, टीचर्स काॅलोनी, अचकवापुर व मड़या में कुत्तों का झुंड
- जिला अस्पताल में रोजाना 30 से 35 लोग कुत्ता काटने के पहुंच रहे
- नगर पालिका पकड़ने के लिए जहमत नहीं उठाती
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। शहर में कुत्तों के हमले लगातार बढ़ रहे हैं। मोहल्लों में झुंड में कुत्ते लोगों को दौड़ा ले रहे हैं। पालिका ने कुत्तों को पकड़ने का कोई अभियान नहीं चलाया है, जिससे कुत्ते बेखौफ होकर लोगों को काट रहे हैं। कुत्तों का शिकार बने लोग जिला अस्पताल पहुंच रहे हैं। रोजाना 30 से 35 लोग कुत्ता काटने के पहुंच रहे हैं।
शहर में आए दिन कुत्तों के हमलों की घटनाएं सामने आ रही हैं। गली व मोहल्ले में आवारा कुत्ते लोगों के पीछे दौड़ पड़ते हैं। लोग भागकर जान बचाते हैं। शहर के मोतीनगर, टीचर्स कालोनी, अचकवापुर, मड़या, जिला अस्पताल परिसर में कुत्तों का झुंड नजर आता है। कुत्तों के बढ़ते हमलों को लेकर भी नगर पालिका प्रशासन की ओर से कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया जा रहा है।
मोहल्लों में कुत्तों का आतंक...बाइक से निकलने पर दौड़ाते हैं
अचकवापुर निवासी ओम नारायण शुक्ल ने बताया कि उनके मोहल्ले में कुत्तों का झुंड है, जब भी बाइक से निकलते हैं तो कुत्ते दौड़ा लेते हैं। किसी तरह जान बचती है। इसी तरह मड़या निवासी संदीप ने बताया कि चार दिन पूर्व कुत्ते ने दौड़ा दिया और पैर में उसका दांत लग गया। अस्पताल जाकर एंटी रैबिज इंजेक्शन लगवानी पड़ी।
जिला अस्पताल में रोजाना पहुंचते हैं 30 से 35 मरीज
कुत्तों के काटने के मरीज जिला अस्पताल में रोजाना 30 से 35 लोग पहुंचते हैं। ऐसे में उन्हें एंटी रैबिज इंजेक्शन लगाई जाती है। साथ ही अन्य तिथि देकर अगली डोज के लिए बुलाया जाता है। यही हाल सीएचसी खलीलाबाद का है, यहां भी 20 के करीब मरीज प्रतिदिन वैक्सीन लगवाने पहुंचते हैं।
कुत्तों को पकड़ने के लिए कर्मचारी लगाए गए हैं। जल्द ही आवारा कुत्तों को पकड़ा जाएगा ताकि लोगों को परेशानी न हो।
- जगत जायसवाल, चेयरमैन, नगर पालिका खलीलाबाद