मेंहदावल विकास खंड के ग्राम पंचायत बरईपुर में शौचालय निर्माण में अनियमितता की शिकायत पर हुई जांच में 2,72,320 रुपये की वित्तीय अनियमितता पकड़ी गई। जांच के बाद जिला पंचायत राज अधिकारी ने पूर्व प्रधान और सचिव को नोटिस देकर स्पष्टीकरण मांगा है।
बरईपुर की वर्तमान ग्राम प्रधान कौशिल्या देवी ने डीएम को शिकायती पत्र देकर पूर्व ग्राम प्रधान व सचिव पर शौचालय निर्माण में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए जांच कराने की मांग की थी। डीएम ने डीपीआरओ को जांच सौंपी। डीपीआरओ ने सहायक विकास अधिकारी पंचायत से जांच कराई तो पाया कि वर्ष 2012-13 एवं 2013-14 में निर्मल भारत अभियान के तहत बरईपुर के राजस्व गांव बरईपुर में 91, हरपुर में 29, मेहावर में सात, बाड़ों में तीन सहित कुल 130 शौचालयों के लिए प्रति शौचालय 4600 की दर से विभिन्न तिथियों में कुल पांच लाख 98 हजार और मनरेगा से 130 के सापेक्ष 127 शौचालय 45 सौ की दर से कुल पांच लाख 71 हजार 500 रूपये का भुगतान किया गया।
इसमें 20 शौचालयों का निर्माण कराया ही नहीं गया। कुछ निर्मित शौचालयों में प्लास्टर व सीट नहीं लगी मिली। इस प्रकार कुल 272320 रुपये की वित्तीय अनियमितता पाई गई। इस मामले में पूर्व प्रधान व ग्राम पंचायत अधिकारी को नोटिस देकर स्पष्टीकरण मांगा गया है। यदि जवाब संतोषजनक नहीं पाया गया तो वसूली की कार्रवाई की जाएगी।