संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। खाद्य पदार्थों के दाम बढ़ने से आम परिवारों की रसोई का बजट बिगड़ने लगा है। आटा, चावल, दाल, चना और खाद्य तेल की कीमतों में एक महीने में तेजी आई है। थोक बाजार में बढ़े दामों का असर अब फुटकर बाजार में भी दिखाई दे रहा है। इससे रोजमर्रा की जरूरत वाली वस्तुओं के दाम 10 से 40 रुपये किलो तक बढ़ गए हैं।
बाजार में आटा 300 रुपये से बढ़कर 340 रुपये प्रति 10 किलो हो गया है। बासमती चावल के दाम 100 से बढ़कर 120 रुपये प्रति किलो पहुंच गए हैं। अरहर दाल 125 से बढ़कर 140 रुपये किलो हो गई है। चना दाल 80 से 90 रुपये, देशी चना 75 से 85 रुपये और भुना चना 100 से बढ़कर 120 रुपये किलो बिक रहा है।
काबुली चना के दाम में भी 20 रुपये प्रति किलो की बढ़ोतरी हुई है। यह अब 100 से बढ़कर 120 रुपये किलो पहुंच गया है। खाद्य तेलों में भी तेजी देखने को मिल रही है। रिफाइंड तेल 175 से बढ़कर 185 रुपये और सरसों का तेल 180 से बढ़कर 190 रुपये प्रति किलो हो गया है। लगातार बढ़ती कीमतों का सीधा असर घर के मासिक राशन पर पड़ रहा है।
गोला बाजार के किराना कारोबारी महेश ने बताया कि कुछ समय से कई खाद्य पदार्थों के थोक भाव में बढ़ोतरी हुई है। इसका असर फुटकर कीमतों पर भी पड़ा है। त्योहार नजदीक होने के कारण आटा, चावल, दाल, चना और तेल की मांग बढ़ी है। ऐसे में ग्राहकों को अब पहले की तुलना में अधिक कीमत चुकानी पड़ रही है। आने वाले दिनों में थोक बाजार के भाव पर ही फुटकर कीमतों की स्थिति निर्भर करेगी।ं