संतकबीरनगर। आशा बहू संगठन की राष्ट्रीय अध्यक्ष चंदा यादव ने रविवार को खलीलाबाद में कहा कि राज्य कर्मचारी का दर्जा व निश्चित मानदेय के लिए आशा कार्यकर्ता निर्णायक संघर्ष के लिए तैयार रहें। उन्होंने कहा कि 25 नवंबर को लखनऊ में पदाधिकारियों की बैठक होगी, जिसमें अब तक के प्रयासों की समीक्षा के साथ ही संघर्ष की रणनीति बनाई जाएगी।
राष्ट्रीय अध्यक्ष रविवार को दोपहर में सीएचसी खलीलाबाद पहुंची और आशा कर्मचारी यूनियन के पदाधिकारियों व आशा कार्यकर्ताओं के साथ बैठक की। उन्होंने कहा कि भले ही हम सब विभिन्न संगठनों के बैनर तले काम कर रहे हैं, लेकिन आशा कार्यकर्ताओं के हक के लिए सभी एकजुट होकर कार्य करें।
उन्होंने कहा कि भाजपा ने अपने चुनावी संकल्प पत्र में आशा कार्यकर्ताओं को सुनिश्चित मानदेय दिए जाने व राज्य कर्मचारी का दर्जा देने की बात कहीं थी। अब प्रदेश में योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में भाजपा की सरकार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार लगातार आशा कार्यकर्ताओं को आश्वासन दे रही है, लेकिन अभी तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
ऐसे में अब समय आ गया है कि संघर्ष की रणनीति बनाकर आंदोलन छेड़ा जाए। इसके लिए विभिन्न जनपदों में आशा कार्यकर्ताओं के साथ विचार-विमर्श किया जा रहा है।
आगे बैठक कर आंदोलन की घोषणा की जाएगी। आशा कर्मचारी यूनियन की जिलाध्यक्ष सरोज यादव ने कहा कि आने वाले दिनों में जब जिले भर की आशा कार्यकर्ताओं की बैठक होगी तब एक बार फिर राष्ट्रीय अध्यक्ष को बुलाया जाएगा, ताकि सभी आशा कार्यकर्ता उनसे रूबरू हो सकें। बैठक में बिंदु देवी, मीरा देवी, गीता देवी, संजना मिश्रा, सुभद्रा देवी, रीता देवी, सहोद्रा, सावित्री देवी, ललिता देवी, गायत्री भट्ट, संकलावती, इंद्रजीत कमल, हंसमुख शर्मा, लालचंद्र, चंद्रभान गौतम आदि उपस्थित रहे।