15 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। अपर सत्र न्यायाधीश एफटीसी द्वितीय देवेंद्रनाथ गोस्वामी की कोर्ट ने युवती को बहला-फुसला को ले जाने दुष्कर्म करने के एक दोषी को सात साल की सजा सुनाई। इसके साथ ही 15 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अदा न करने पर एक माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
थाना मेंहदावल के एक गांव के पीड़ित ने 16 जनवरी 2012 को प्रार्थना पत्र दिया कि आरोपी हरिहरपुर थाना फरेंदा जिला महाराजगंज का रमेश छत लगाने का काम करता है। गांव में आता-जाता था। इसी दरम्यान 16 वर्ष की बेटी से जान पहचान बना लिया। मोबाइल पर बात करता था। उस समय संदेह नहीं हुआ। लेकिन 11 अक्तूबर 2011 को बेटी रात में करीब दो बजे से लापता हो गई। मेंहदावल थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
15 नवंबर 2012 को मेरी पत्नी ने बताया कि बेटी को रमेश ले गया है। इस मामले में केस दर्ज हुआ। विवेचक ने आरोपी रमेश विरुद्ध बहला-फुसला का भगा ले जाने का आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया। सुनवाई के बाद अपर सत्र न्यायाधीश एफटीसी द्वितीय देवेंद्र नाथ गोस्वामी की कोर्ट ने दोषी रमेश को सात वर्ष की सजा सुनाई है। साथ ही 15 हजार अर्थदंड लगाया है।