खलीलाबाद में उर्वरक की जांच करते जिला कृषि अधिकारी-स्रोत कृषि विभाग
संतकबीरनगर। डीएम आलोक कुमार के निर्देश पर रविवार को अधिकारियों ने खाद की दुकानों पर छापा मारा। 41 दुकानों की जांच हुई। तीन दुकानें बंद पाई गईं। स्टाॅक में कमी और दुकानें बंद मिलने पर सात दुकानों को नोटिस जारी किया गया। इस कार्रवाई से उर्वरक विक्रेताओं में कड़कंप मच गया।
जिला कृषि अधिकारी डाॅ. सर्वेश कुमार यादव ने बताया कि सभी विकास खंडों में जनपद स्तरीय अधिकारियों को खाद की दुकानों की जांच के निर्देश दिए गए हैं। उन्हें अपने क्षेत्रों में उर्वरकों की दुकानों पर खाद की उपलब्धता, वितरण व्यवस्था, मूल्य नियंत्रण आदि की हकीकत जांचने के लिए कहा गया है। विकास खंड सेमरियावां में अपर जिला सहकारी अधिकारी मनोज कुमार ने तीन दुकानों की जांच की। तीनों में उर्वरक उपलब्ध था।
सांथा ब्लॉक में उप कृषि निदेशक डॉ. राकेश कुमार सिंह ने छह दुकानों का निरीक्षण किया। सभी दुकानों पर उर्वरक का स्टॉक उपलब्ध मिला। खलीलाबाद ब्लॉक में उन्होंने स्वयं पांच दुकानों का निरीक्षण किया। चार दुकानें खुली थीं। दुकानों में खाद का स्टॉक मिला। नाथनगर में समाज कल्याण अधिकारी महेंद्र कुमार ने पांच दुकानों देखीं, जिसमें से चार में स्टॉक मिला। हैंसर ब्लॉक में अपर जिला सहकारी अधिकारी संजीव कुमार ने पाँच दुकानों की जांच की। जिसमे स्टॉक मिला।
मेंहदावल में सहायक आयुक्त एव सहायक निबंधक आनंद मिश्र ने पांच दुकानों की जांच की। जहां पर स्टॉक मिला। बघौली में पांच दुकानों में तीन दुकानों पर स्टॉक मिला। दो दुकानें बंद मिली। उन्होंने बताया कि इस प्रकार जनपद में सभी नौ विकास खंडों में अधिकारियों ने 41 दुकानों का निरीक्षण किया। तीन दुकानें बंद पाई गईं। 3 दुकानों में ई-पास मशीन और भौतिक स्टॉक में अंतर पाया गया। दो दुकानदारों के अभिलेख अपूर्ण पाए गए। इन सात दुकानों को चेतावनी देते हुए कारण बताओ नोटिस जारी किया जा रहा है। जवाब संतोषजनक नहीं मिलने पर उनका लाइसेंस निरस्त कर दिया जाएगा। खुली मिलीं 38 दुकानों में 37 में उर्वरकों का स्टॉक पर्याप्त मिला। जनपद में उर्वरक वितरण व्यवस्था सामान्य रूप से संचालित पाई गई।