संतकबीरनगर। विद्युत निगमों के निजीकरण के विरोध में शुक्रवार को बिजली कर्मियों ने अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर धरना दिया। इस दौरान कहा कि निजीकरण का प्रस्ताव स्वीकार नहीं किया जाएगा। कर्मियों ने जबरन स्मार्ट लगाने और उत्पीड़न पर भी आक्रोश जताया।
संघर्ष समिति के पदाधिकारी इंजीनियर भागीरथी प्रसाद ने कहा कि निजी हाथों में विद्युत निगम को सौंपने की साजिश की जा रही है। इसे स्वीकार नहीं किया जाएगा। लंबे आंदोलन के बाद भी सकारात्मक कदम नहीं उठाया गया है। इसके साथ ही अब कर्मचारियों के घर पर स्मार्ट मीटर लगाने का प्रयास किया जा रहा है। आंदोलन कर रहे कर्मियों का उत्पीड़न किया जा रहा है। ऐसे में वृहद आंदोलन किया जाएगा। संघर्ष समिति के पदाधिकारी आशीष कुमार का आरोप है कि बड़ी संख्या में संविदा कर्मियों को सेवा से हटाया जा चुका है। साथ ही कर्मियों का जबरन तबादला के साथ ही निलंबन की कार्रवाई की जा रही है। यह कतई उचित नहीं है।
धरना में इंजीनियर मुकेश गुप्ता, अमित सिंह, भास्कर पांडेय, मनोज यादव, अशोक कुमार आदि मौजूद रहे। संवाद