बखिरा। कोर्ट के आदेश पर बखिरा पुलिस ने क्षेत्र के नौरो सिंहोरवा गांव के नौ लोगों पर केस दर्ज किया। पीड़ित का आरोप है कि विपक्षी उसकी जमीन पर कब्जा कर रहे थे। विरोध पर घर में घुस कर बाप- बेटे को मारापीटा। पुलिस ने उल्टे पीडि़त के खिलाफ ही कार्रवाई करते हुए जेल भेज दिया था।
नौरो सिंहोरवा निवासी सफात पुत्र शाह मोहम्मद का आरोप है कि 14 मार्च को सुबह साढ़े नौ बजे गांव के ही सद्दाम उर्फ़ जमाल उसकी जमीन पर कब्जा करके निर्माण कार्य कर रहे थे। मना करने पर सद्दाम समेत कुल नौ लोगों ने अपशब्द कहते हुए उसे व उसके पिता को मारपीट कर गंभीर रूप से घायल कर दिया। जान बचाने के लिए घर के भीतर भाग जाने पर विरोधियों ने घर में घुसकर मारपीट की।
शोर सुनकर लोगों के जुट जाने पर उसकी व परिवार के लोगों की जान बच सकी। विरोधियों के प्रभाव की वजह से पुलिस ने उल्टे उस पर मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया। जमानत से छूटकर आने के बाद बखिरा पुलिस से दोबारा कार्रवाई के लिए शिकायत की, लेकिन पुलिस ने कुछ नहीं किया। उसने आईजीआरएस पर शिकायत करके पुलिस अधीक्षक को पंजीकृत डाक से शिकायत भेजा, लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। मजबूरन न्यायालय से न्याय की गुहार लगानी पड़ी।
एसओ श्याम मोहन ने बताया कि आरोपी सद्दाम उर्फ जमाल, ओसामा, सैय्यद अली, सदरे आलम, नूर आलम, महबूब आलम, मोहम्मद आलम, बदरे आलम, फरहत अली के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।