सड़क के किनारे गिराया जा रहे कूड़े के पास एकत्रित पशु
संतकबीरनगर। नगर पालिका परिषद खलीलाबाद क्षेत्र में अपशिष्ट निवारण के लिए दो करोड़ रुपये की योजना बनाई थी। उस्का में अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र स्थापित करने के लिए जमीन चिह्नित की गई थी। लेकिन अभी तक योजना को शासन की मंजूरी नहीं मिल सकी है।
नगर पालिका परिषद क्षेत्र के 25 वार्डों से प्रतिदिन करीब 48 टन कूड़ा-कचरा निकलता है। इसके निस्तारण के लिए कोई व्यवस्था नहीं है। जो कूड़ा निकलता है उसे कभी औद्योगिक क्षेत्र में खाली पड़ी जगह पर तो कभी बड़गो आदि क्षेत्रों में गिराया जा रहा है। हाईवे के किनारे भी कूड़ा फेंक दिया जा रहा है। रास्ते में गंदगी के कारण लोगों को परेशानी होती है।
इस समस्या को दूर करने के लिए नगर पालिका प्रशासन ने 15 माह पूर्व उस्का में अपशिष्ट निस्तारण के लिए दो करोड़ की परियोजना का प्रस्ताव तैयार किया था। जमीन भी चिह्नित कर ली थी।
यहां कूड़ा निस्तारण संयंत्र लगाने के साथ ही परिसर में कूड़े से बिजली बनाने की भी योजना थी। उत्पादित बिजली से संयंत्र चलाने के साथ ही आस-पास के लोगों को उपलब्ध कराने की योजना थी। इस योजना से नगर पालिका के आय में भी वृद्धि होने की उम्मीद थी लेकिन अब तक योजना को मंजूरी नहीं मिल सकी है।