खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की टीम के निरीक्षण के दौरान कथित रूप से अभद्रता और सरकारी कार्य में बाधा डालने का मामला सामने आया है। खाद्य सुरक्षा अधिकारी की तहरीर पर पुलिस ने तीन लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर आवश्यक विधि कार्रवाई शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार, आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन के निर्देश पर खाद्य सुरक्षा विभाग की सचल टीम दुग्ध एवं दुग्ध उत्पादों के निर्माता, थोक विक्रेता एवं वितरकों के निरीक्षण अभियान के तहत बंजरिया स्थित नवमी ट्रेडर्स पहुंची। टीम ने प्रतिष्ठान संचालक शंकर जायसवाल से खाद्य लाइसेंस एवं पंजीकरण संबंधी दस्तावेज मांगे।
आरोप है कि शंकर जायसवाल ने अपने पुत्रों पवन जायसवाल और प्रवीन उर्फ गोलू जायसवाल को मौके पर बुला लिया। दोनों के पहुंचने के बाद टीम के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग किया गया और अधिकारियों को परिसर से बाहर जाने के लिए बाध्य किया गया। इससे निरीक्षण कार्य बाधित हो गया।
खाद्य सुरक्षा अधिकारी सच्चिदानंद गुप्ता ने तहरीर में जानकारी दी है कि परिस्थितियों को देखते हुए टीम ने स्वयं को असुरक्षित महसूस किया और कोतवाली पहुंचकर घटना की जानकारी उपजिलाधिकारी खलीलाबाद को दी। इसके बाद पुलिस बल और नायब तहसीलदार के साथ टीम दोबारा प्रतिष्ठान पर पहुंची।
इस दौरान पवन जायसवाल और प्रवीन जायसवाल मौके से फरार मिले। निरीक्षण के दौरान वहां मौजूद नवीन जायसवाल ने बताया कि खाद्य व्यवसाय संचालन के लिए खाद्य सुरक्षा मानक अधिनियम के तहत कोई लाइसेंस अथवा पंजीकरण नहीं कराया गया है।
खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने शंकर जायसवाल, पवन जायसवाल और प्रवीन उर्फ गोलू जायसवाल के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने और अभद्रता करने के आरोप में सुसंगत धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई किए जाने की मांग की है।
कोतवाली प्रभारी जयप्रकाश दूबे ने बताया कि तहरीर प्राप्त हो गई है। मामले में प्राथमिकी दर्ज कर जांच कर आवश्यक विधिक कार्रवाई की जा रही है।