संतकबीरनगर। मेंहदावल के तुलसीपुर वार्ड में 18 अप्रैल को हुए विवाद और उसके बाद पुलिस पर हुए पथराव के मामले में डेढ़ माह बीत जाने के बाद भी आरोपी पुलिस की गिरफ्त से दूर हैं। घटना को लेकर दर्ज दोनों प्राथमिकी में अब तक कई आरोपियों की गिरफ्तारी न होने से पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठने लगे हैं।
अप्रैल में मेंहदावल में दो पक्षों के बीच विवाद हो गया था। देखते ही देखते मामला बढ़ गया और मौके पर तनावपूर्ण स्थिति बन गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने हालात को नियंत्रित करने का प्रयास किया, लेकिन उग्र भीड़ ने पुलिस वाहन पर भी पथराव कर दिया। इस दौरान पुलिस को स्थिति संभालने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी थी।
घटना के बाद पुलिस ने दो अलग-अलग प्राथमिकी दर्ज की थी। पहला मामला दोनों पक्षों के बीच हुए विवाद को लेकर दर्ज किया गया, जबकि दूसरा पुलिस वाहन पर पथराव और सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने के आरोप में दर्ज किया गया। पुलिस ने कई लोगों को नामजद करते हुए कई अज्ञात को भी अभियुक्त बनाया था।
घटना के बाद पुलिस ने आरोपियों की तलाश में कई स्थानों पर दबिश देने का दावा किया, लेकिन डेढ़ माह से अधिक समय बीत जाने के बावजूद अधिकतर आरोपी अब तक गिरफ्तार नहीं किए जा सके हैं। इससे मामले में पुलिस की कार्रवाई की रफ्तार पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि घटना के समय पुलिस ने सख्त कार्रवाई का भरोसा दिलाया था, लेकिन अभी तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों की तलाश लगातार की जा रही है। जल्द ही सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर विधिक कार्रवाई की जाएगी।
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यह है पूरा मामला
कस्बे के तुलसीपुर वार्ड में 18 अप्रैल की रात दो पक्षों में मारपीट हुई थी। इसमें एक पक्ष के लोगों द्वारा मेंहदावल थानेदार के वाहन पर पथराव किया गया था, जिसमें एक पुलिसकर्मी घायल हो गया था। पुलिस ने मारपीट में एक आरोपी अर्जुन यादव का शांतिभंग में चालान किया था। इस घटना को लेकर मेंहदावल के एक युवक व फरेंदा की एक महिला नेत्री ने सोशल मीडिया पर थाना फूंकने तक की धमकी दी थी, लेकिन उसमें कार्रवाई केवल प्राथमिकी दर्ज करने तक सीमित है। मारपीट मामले में छह नामजद और आठ अज्ञात के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज है, जबकि पुलिस पर पथराव के मामले में 10 नामजद समेत 15-20 अज्ञात पर रिपोर्ट दर्ज है।
दोनों प्राथमिकी में नामजद और वांछित आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम प्रयास कर रही है। संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
-सर्वदवन सिंह, सीओ, मेंहदावल