संतकबीरनगर। कोतवाली खलीलाबाद थाना क्षेत्र के महुई गांव में हुए गोलीकांड के बाद बृहस्पतिवार को राजस्व व पुलिस टीम वहां पर पहुंची। टीम ने विवादित जमीन को देखा और उसकी पैमाइश की। मामले में हत्यारोपियों ने किसी भी तरह की सरकारी जमीन को कब्जा किया होगा तो उसे ध्वस्त कराया जाएगा। दोनों हत्यारोपी भाई सेना के जवान व दो अन्य अभी भी पुलिस के हाथ नहीं लगे हैं। गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम दबिश दे रही है।
महुई गांव में आठ जून को जमीन के विवाद में दो पक्षों के बीच मारपीट और कई राउंड गोली चलने की घटना हुई। इसमें एक व्यक्ति की मौत हो गई और तीन लोग घायल हो गए। पुलिस ने मृतक धर्मेंद्र की पत्नी सुमन की तहरीर पर छह नामजद आरोपी के खिलाफ केस दर्जकर घटना में शामिल दो आरोपी को तत्काल गिरफ्तार कर लिया। घटना में आरोपी बनाए गए सेना के दो जवान भाई और दो अन्य अभी फरार हैं। गांव में तनाव को देखते हुए पुलिस कैंप कर रही है। वहीं पुलिस फरार आरोपी की सुराग लगाने में जुटी हुई है। इसके बाद भी पुलिस को कामयाबी नहीं मिल पाई। इधर, आरोपियों के खिलाफ पुलिस व प्रशासनिक शिकंजा कसता जा रहा है।
गांव में चर्चाओं पर गौर करें तो आरोपी तमाम सरकारी जमीन को कब्जा किए हुए हैं। बृहस्पतिवार को राजस्व विभाग की टीम महुई गांव में पहुंचकर आरोपी के घर व आसपास के जमीन की पैमाइश की। टीम यह जानने का प्रयास कर रही है कि कितने सरकारी जमीनों पर आरोपियों का कब्जा है। टीम पूरी रिपोर्ट तैयार करके विभागीय उच्चाधिकारियों को सौपेगी। यदि किसी भी तरह के सरकारी जमीन पर हत्यारोपियों का कब्जा मिलता है तो उस पर बुलडोजर चलाने की भी चर्चा है।
जिस जमीन पर विवाद था वहां से जल निकासी की व्यवस्था कराने और हत्यारोपी के घर के आसपास की सरकारी जमीन की पैमाइश कराने के लिए टीम को भेजा गया था। यदि आरोपी पक्ष किसी भी तरह से सरकारी जमीन पर काबिज होगा, तो उस पर बुलडोजर चलाकर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी।
शैलेश कुमार दुबे, एसडीएम