संवाद न्यूज एजेंसी
तिघरा। पौराणिक शिव मंदिर बाबा कोपेश्वरनाथ धाम महाशिवरात्रि के लिए सज कर तैयार है। मंदिर प्रबंध समिति ने श्रद्धालुओं की सुविधा के दृष्टिगत परिसर के चारों तरफ इंटरलाॅकिंग की व्यवस्था कराई है। साथ ही मंदिर की सफाई और रंग रोगन कराकर मंदिर की साज सज्जा पूरी कर ली है।
मेले के लिए दुकानों का सजना शुरू हो गया है। मान्यता है कि यदि कोई भी श्रद्धालु सच्चे मन से भूतभावन भगवान भोलेनाथ से कामना करते हैं तो पूर्ण होती है। पुलिस प्रशासन व मंदिर प्रबंधन ने भक्तों की भीड़ के दृष्टिगत सुरक्षा का उचित व्यवस्था की है।
जिला मुख्यालय के कलक्ट्रेट से बखिरा-मेंहदावल के मुख्य मार्ग पर नौ किमी पर कोपिया का पौराणिक शिव मंदिर स्थित है। बाबा कोपेश्वरनाथ धाम में भगवान भोलेनाथ का चमत्कारी शिवलिंग तो है ही, इसी मंदिर के दूसरे कक्ष में माता पार्वती जी की अलग से प्रतिमा स्थापित है। मंदिर परिसर में अन्य देवी देवताओं की भी मूर्तियां स्थापित हैं। कोपिया में ही भगवान गौतम बुद्ध का ऐतिहासिक टीला है। भगवान महादेव के मंदिर के ठीक सामने पूरब तरफ एक अत्यंत ही मनोहारी पोखरा है। कहा जाता है कि भगवान गौतम बुद्ध के पिता महाराज शुद्धोधन ने इस पोखरे का निर्माण कराया था।
पोखरे के एक छोर से दूसरे छोर तक जाने के लिए सेतु का निर्माण कराया गया है तथा मध्य में एक पर्यटन केंद्र बना है। जहां से श्रद्धालु मंदिर व पोखरे के मनोहारी छटा आनंद लेते हैं। मंदिर की देखभाल मंदिर प्रबंध समिति करती है। मंदिर समिति के सुरेन्द्र भारती व राजू भारती ने बताया कि महाशिवरात्रि पर मध्य रात्रि के बाद से ही श्रद्धालुओं का आना शुरु हो जाता है और जलाभिषेक प्रारंभ हो जाता है।
प्रभारी निरीक्षक थाना बखिरा सतीश कुमार सिंह व पुलिस चौकी प्रभारी राजीव कुमार सिंह ने बताया कि भक्तों की सुरक्षा के लिए पर्याप्त पुलिस बल की व्यवस्था की गई है।