संतकबीरनगर जिले को दूर-दराज तक पहचान दिलाने वाले फूल के बर्तन, सूत की दस्तकारी शुक्रवार को कपड़ा मंत्री स्मृति ईरानी की निगाह तक भी पहुंच गई। खलीलाबाद में एचआरपीजी कॉलेज में आयोजित कार्यक्रम में पहुंचीं केंद्रीय मंत्री ने न सिर्फ इस क्षेत्र की दस्तकारी को सराहा बल्कि बखिरा में औद्योगिक क्लस्टर की स्थापना, जिले में डिजाइनिंग वर्कशॉप व स्किल डेवलेपमेंट ट्रेनिंग की सुविधा शुरू करने का भरोसा भी दिया।
सांसद शरद त्रिपाठी की मौजूदगी में शिल्पी पहचान पत्र शिविर का उद्घाटन करते हुए उन्होंने कहा कि इस कार्ड से हस्तकला और हस्तशिल्पी को राष्ट्रीय पहचान मिलेगी। 31 दिसंबर तक देश में 1800 स्थानों पर ऐसे कार्यक्रम आयोजित कर 24 लाख शिल्पियों के पहचान पत्र तैयार कराए जाएंगे। ‘पहचान’ पंजीयन शिविर आयोजित करने के लिए देश में 50 स्थान तय किए गए हैं।
उन्होंने कहा कि पंजीकृत शिल्पकारों को निशुल्क बीमा व उनके दो बच्चों को कक्षा नौ से 12वीं तक हर साल 1200 रुपये का सहयोग मिलेगा। संतकबीरनगर में एक माह में बीपीएल महिलाओं को मुफ्त टूल और किट मिलेंगे। आह्वान किया कि सभी शिल्पकार अपने आधार कार्ड से जनधन अकाउंट को लिंक कराके सरकारी मदद का लाभ उठाएं। केंद्रीय मंत्री ने परिसर में लगी प्रदर्शनी में घूमकर जिले व नजदीकी क्षेत्र के हस्तशिल्प उत्पादों की सराहना भी की।
नाम लिए बिना राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि सर्जिकल स्ट्राइक पर पीएम के प्रति उनके नजरिए से सवाल उठा है कि कोई आदमी इतना कैसे गिर सकता है। अमेठी में खुद के चुनावी अनुभव के हवाले से कहा कि वहां भी ‘अबकी बार मोदी सरकार’ के नारे गूंज रहे थे।