अमरडोभा के मदरसा दारूल उलूम अहले सुन्नत तनवीरुल इस्लाम में मिले जुले समाज में हमारा किरदार विषय पर एक सेमीनार आयोजन हुआ। कार्यक्रम के प्रमुख वक्ता प्रदेश सरकार के अपर महाधिवक्ता और बाबरी मस्जिद एक्शन कमेटी के संयोजक जफरयाब जिलानी रहे। कार्यक्रम का आयोजन सपा नेता जयराम पांडेय की सरपरस्ती में किया गया था।
अपर महाधिवक्ता जफरयाब जिलानी ने कहा कुछ लोग दुर्भावना के साथ आकर समाज का माहौल बिगाड़ने पर आमदा है, जबकि हम भाईचारे का संदेश लेकर समाज के हर कौम के लिए सद्भावना का संदेश लेकर हर तबके से रूबरू हो रहे हैं। फिरकापरस्तों को सबसे ज्यादा खतरा समाजवाद से है। जब-जब समाजवाद मजबूत होता है, ऐसी ताकते कमजोर होती है। इंदिरा गांधी के शासन काल में इमरजेंसी में लोगों के मौलिक अधिकारो का हनन हुआ था। उस समय के समाजवादी नेता राजनारायण और जयप्रकाश नारायण ने जनांदोलन के बल पर मौलिक अधिकारों को वापस दिलाया। आज के परिवेश में मुलायम सिंह समाजवाद के झंडे को बुलंदी से लेकर चल रहे है। इसमें हर कौम का हित सुरक्षित है। मुस्लिम कौम के विकास के लिए मदरसों को मदद देने की बात हो, उर्दू टीचरो की भर्ती हो अथवा कब्रिस्तान की चाहरदीवारी बनाने के लिए सरकार ने पूरी मदद की है। 2017 में दुबारा सरकार बनने पर बाकी मांगो को भी पूरा कराया जाएगा। आबिद रजा ने कहा आज का सेमिनार कौमों के बीच आपसी सौहार्द और भाईचारगी को बढ़ाने के लिए हो रहा है।
उत्तर प्रदेश नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष कमर आलम ने कहा तकरीबन एक साल से इसी विषय पर चर्चा चल रही है। आजादी की जंग में मुस्लिमों ने अंग्रेजों के खिलाफ 190 साल तक जंग लड़कर भगाया। मुस्लिमों को देशभक्ति के प्रमाण की जरूरत नहीं है। बाबरी मस्जिद गिराकर कल्याण सिंह ने गुलामी की निशानी मिटाने की बात कही, किन्तु इन्हीं हिन्दू भाइयों ने सत्ता से भाजपा को बाहर कर दिया। सपा के वरिष्ठ नेता जयराम पांडेय ने कहा इस सेमीनार को आयोजित करने का मकसद है हिन्दू-मुस्लिम एक साथ मिलजुल कर रहे। जातीय उन्माद के लिए बहकावे में आवे। किसी समस्या का हल मिलजुलकर निकाले। सपा को आने वाले 2017 में मजबूती देकर मिसाल कायम करे। सेमीनार में अब्दुल हफीज गांधी, ब्लॉक प्रमुख मनोज राय, रियाजुद्दीन अंसारी, मोहम्मद अहमद, फैजान अहमद समेत भारी संख्या में लोग मौजूद रहे।