प्राइवेट बस स्टैंड पर बिहार जाने वाले यात्रियों की लगी भीड़ । संवाद
संतकबीरनगर। छठ महापर्व पर परदेसियों को घर लौटने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ रही है। ट्रेनों में भारी भीड़ के चलते लोग बसों में धक्के खाते हुए घर पहुंच रहे हैं।
छठ महापर्व पर घर पहुंचने के लिए लोगों में होड़ मची हुई है। इसके चलते लंबी दूरी की ट्रेनें और बसें खचाखच भरी पहुंच रही हैं। आलम यह है कि बसों और ट्रेनों में तिल रखने तक की जगह नहीं है। ट्रेनों का हाल यह है कि लोग पावदान से लेकर गैलरी तक भरे पड़े हैं।
खलीलाबाद बस स्टैंड पर रोडवेज बस से उतरे बौर व्यास के तीरथ कुमार ने बताया कि उन्होंने मुंबई से आने के लिए लखनऊ तक ट्रेन का सहारा लिया। वहां से ट्रेन वाराणसी की तरफ चली गई। इसके बाद रोडवेज की बस पकड़ी। वह खुद और अपने तीन बच्चों और पत्नी के साथ आए हैं। रास्ते में काफी परेशानी हुई। ट्रेन में काफी भीड़ थी।
लखनऊ में बस में बैठे तब राहत मिली। खलीलाबाद से पश्चिमी चंपारण जा रहे सुयश महतो बताते हैं कि वह यहां पर एक प्राइवेट फैक्ट्री में काम करते हैं। छठ पर्व पर घर जाना है। अब वह प्राइवेट बस से घर जाएंगे। बस में काफी मशक्कत के बाद 800 रुपये देने पर सीट रिजर्व हुई है। ट्रेन में कोई सीट ही नहीं थी।
जिले के हैंसर क्षेत्र निवासी राजवीर बताते हैं कि वह राजकोट से आ रहे हैं। उनके घर छठ की कोसी भरी जाएगी। इसके लिए पूरे परिवार को लेकर आए हैं। ट्रेन में काफी भीड़ थी। लखनऊ तक वह ट्रेन से आए हैं। इसके बाद बस से आ रहे हैं।