संतकबीनगर। सीएमओ कार्यालय के सभागार में सम्मान समारोह आयोजित हुआ। परिवार नियोजन कार्यक्रम 2022-23 में बेहतर कार्य करने वाले जिले के 35 स्वास्थ्य कर्मियों को सीएमओ डॉ. अनिरुद्ध सिंह ने प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया। इसके साथ ही आगे भी इस तरह के कार्य करने की अपेक्षा की।
सीएमओ डॉ. अनिरुद्ध सिंह ने कहा कि परिवार नियोजन की आवश्यकता व्यक्तिगत स्तर पर ही नहीं, वैश्विक स्तर पर भी है। नियोजित परिवार में जहां संसाधनों का प्रबंधन बेहतर होता है, वहीं दूसरी तरफ बच्चों का स्वास्थ्य भी बेहतर रहता है। बढ़ती आबादी अपने प्राकृतिक और निर्मित संसाधनों पर बहुत दबाव डालती है। परिवार नियोजन से मातृ व शिशु मृत्यु दर को नियंत्रित करने में सहायता मिली है।
इसलिए सभी स्वास्थ्य कार्यकर्ता व फ्रंटलाइन वर्कर्स इस कार्यक्रम पर विशेष रूप से ध्यान दें, ताकि एक स्वस्थ व नियोजित राष्ट्र की स्थापना हो सके। अपर सीएमओ परिवार कल्याण डॉ. मोहन झा ने कहा कि परिवार नियोजन के लिए दो तरह के साधनों स्थायी व अस्थायी का प्रयोग किया जाता है। इन साधनों का उपयोग करके न सिर्फ परिवार को नियोजित रखा जा सकता है, बल्कि बच्चों में अंतर रखकर मातृ व शिशु मृत्यु के मामलों को भी कम किया जा सकता है। इस अवसर पर ड्रिस्ट्रक्टि फैमिली लॉजिस्टिक मैनेजर इम्तियाज अहमद, जिला कार्यक्रम प्रबंधक विनीत श्रीवास्तव, जयेंद्र विक्रम सिंह, अभय त्रिपाठी समेत अन्य मौजूद रहे।
इनको किया गया सम्मानित
आशा कार्यकर्ता- सुनरावती, अनुराधा, आशा देवी, कमलावती, निक्की, प्रेमशीला, प्रीति सिंह, गुड़िया, सावित्री, तारा देवी, वंदना सिंह, संगीता, शशिकला, रेखा, बबिता यादव, पूनम, कमलावती देवी, माया सिंह, पूनम यादव।
एएनएम- शुभांगी, सरोज देवी, प्रेमशीला, ललिता, नमिता, अर्चना, रीता राय।
सर्जन-डॉ सीताराम कन्नौजिया, डॉ. शशि सिंह, डॉ. विजय गुप्ता, डॉ. आरके चौधरी, डॉ. सेराज अहमद, डॉ. रमेश सोनकर
स्टाफ नर्स- सुनीता भारती, रागिनी पाल, सुशीला वर्मा