स्थानांतरण के विरोध में स्वास्थ्य कर्मियों ने किया कार्य बहिष्कार
प्रदेश सरकार से कर्मियों का स्थानांतरण निरस्त करने की मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। यूपी मेडिकल एंड पब्लिक हेल्थ मिनिस्ट्रियल एसोसिएशन ने सोमवार को कर्मचारियों के स्थानांतरण के विरोध में कार्य बहिष्कार किया। कर्मियों ने सीएमओ कार्यालय में धरना दिया और प्रदेश सरकार से तत्काल स्थानांतरण निरस्त करने की मांग की।
एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष मनीष चंद मिश्र ने कहा कि निदेशक (प्रशासन) चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं उत्तर प्रदेश ने स्थानांतरण नीति 2021 का उल्लंघन करते हुए अधिकतम 20 प्रतिशत सीमा के विपरीत मनमानी एवं अनियमित तरीके से स्थानांतरण लिपिक वर्गीय साथियों का दूरस्थ जनपदों में किया है। महिला लिपिकों का उत्पीड़न करने के उद्देश्य से 1000 किलोमीटर से भी अधिक दूरी तथा दिव्यांग लिपिकों के लगभग 500 किलोमीटर से अधिक की दूरी पर स्थानांतरण किया गया है। जिले में दांपत्य नीति एवं असाध्य रोगों से ग्रसित लिपिक का स्थानांतरण मथुरा एवं आगरा कर दिया गया। जिस लिपिक की सेवानिवृत्ति चार माह और दो साल है, उनका भी स्थानांतरण हरदोई एवं सीतापुर जैसे दूर जिले में कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि स्थानांतरण तत्काल निरस्त नहीं हुआ तो 20 जुलाई से 24 जुलाई तक पूर्ण रूप से कार्य बहिष्कार किया जाएगा। महामंत्री अनवार अहमद ने कहा कि अगर उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं तो स्वास्थ्य महानिदेशक का लखनऊ में घेराव किया जाएगा। इसके साथ ही मार्च कर मुख्यमंत्री को ज्ञापन दिया जाएगा। धरने में संजय कुमार गुप्ता, धनश्याम, सौरभ उपाध्याय, डीबी सिंह, प्रसिद्ध नाथ त्रिपाठी, संतोष कुमार, बलराम, अरविंद कुमार वर्मा, शिवसागर, बाबूराम, राजेंद्र, अनिल कुमार वर्मा समेत अन्य मौजूद रहे।