संतकबीरनगर। सीएमओ कार्यालय में तैनात एक लिपिक के खिलाफ जिले के सभी सीएचसी अधीक्षक, बीपीएम, बीसीपीएम व अन्य कर्मचारियों ने मोर्चा खोल दिया। लिपिक पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया। शुक्रवार को इन कर्मियों ने सीएमओ का घेराव किया। डीएम से भी मिले। अधिकारियों को ज्ञापन देकर लिपिक पर कार्रवाई की मांग की।
पीएमएस संघ के अध्यक्ष डॉ श्वेतांक सिंह, महामंत्री डॉ. वरूणेश दुबे के नेतृत्व में एनएचएम के कर्मचारियों वे समस्त सीएचसी पीएचसी के अधीक्षक सीएमओ कार्यालय पर इकट्ठा हुए। उसी दौरान सीएमओ डॉ रामानुज कन्नौजिया पहुंच गए। कर्मचारियों ने सीएमओ को गाड़ी से उतरते ही घेर लिया। अध्यक्ष श्वेतांक सिंह ने कहाकि कार्यालय में तैनात लिपिक राकेश श्रीवास्तव के जरिए राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के पटल सहायक का कार्य देखा जाता है।
यह प्रतिदिन अधिकारियों, कर्मचारियों के विरूद्ध लगातार शिकायतें कराते हैं। राजकीय पत्रावलियाें को शिकायतकर्ताओं को उपलब्ध कराकर विभिन्न प्रकार की शिकायतें अधिकारियों, कर्मचारियों के विरुद्ध पोर्टलों व अन्य माध्यमों से कराते है। जिस कारण से समस्त अधिकारी एवं कर्मचारी इन्हीं कार्यों में उलझे रहते हैं। जिससे सरकारी कार्य भी बाधित रहता है।
यह बाहरी व्यक्तियों से अपने पटल संबंधी कार्यों को करवाते हैं, तथा उन्हीं व्यक्तियों से वसूली करवाते हैं। कनिष्ठ लेखा लिपिक होने के बावजूद भी इनको टंकण का कार्य नहीं आता है। इनसे कार्यालय के समस्त अधिकारी, कर्मचारी मानसिक रूप से पीड़ित है। इनके द्वारा अपने पटल से संबंधित कार्यक्रमों में कोई रूचि नहीं ली जाती है।
ऐसे में इनके खिलाफ कार्रवाई की जाए जिससे की अधिकारी व कर्मचारी अपना कार्य ईमानदारी से कर सके। इसके बाद स्वास्थ्य कर्मी डीएम के पास पहुंचे वहां भी ज्ञापन देकर कार्रवाई की मांग की।
इस दौरान डॉ. राजेश चौधरी, डॉ. मनीष पांडेय, डॉ. सुरेश चंद्रा, डॉ. आईडी गौरव, डॉ. प्रशांत, जितेंद्र, डॉ. उमर हसरत, डॉ. शैलेंद्र सिंह, एनएचएम के राजेश पांडेय, बीपीएम अभय त्रिपाठी, बीसीपीएम महेंद्र त्रिपाठी समेत अन्य मौजूद रहे।