मेंहदावल। परिषदीय, कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय (केजीबीवी), अशासकीय सहायता प्राप्त और मान्यता प्राप्त विद्यालयों में अब बच्चों को स्वास्थ्य, पोषण और स्वस्थ जीवनशैली के प्रति विशेष रूप से जागरूक किया जाएगा। समेकित शिक्षा जिला समन्वयक रजनीश वैद्यनाथ ने बताया कि स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की बच्चों के लिए तैयार पुस्तक मेरे स्वास्थ्य की दुनिया व भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआइ) की ''ईट राइट इंडिया'' पहल के तहत तैयार अध्ययन सामग्री का विद्यालयों में उपयोग कराया जाएगा।
पुस्तक में रोचक तरीके से अंगों और उनके उपयोग के विषय में चित्रों के माध्यम से बताया गया है। समग्र शिक्षा राज्य परियोजना निदेशक मोनिका रानी ने इस संबंध में सभी जिलों को निर्देश जारी किए हैं। इन पुस्तकों का उपयोग कक्षा शिक्षण, प्रार्थना सभा, बाल सभा, अभिभावक-शिक्षक बैठक व विद्यालय स्वास्थ्य कार्यक्रमों में किया जाएगा।
शिक्षकों के प्रशिक्षण में भी इस विषय पर 10 मिनट का विशेष सत्र रखा जाएगा। बच्चों को संतुलित व पौष्टिक भोजन, जंक फूड के नुकसान, नियमित व्यायाम, योग, खेलकूद, पर्याप्त और गुणवत्तापूर्ण नींद, स्क्रीन टाइम के संतुलित उपयोग व डिजिटल उपकरणों के सुरक्षित इस्तेमाल की जानकारी दी जाएगी। उन्हें अतिरिक्त समय में पुस्तकालय की किताबें पढ़ने के लिए भी प्रेरित किया जाएगा।
बैगलेस-डे पर स्वास्थ्य और पोषण से जुड़ी परियोजनाएं, पोस्टर, चित्रकला, भाषण, वाद-विवाद, निबंध, प्रश्नोत्तरी, रोल प्ले, स्किट, नाटक और विज्ञान गतिविधियां कराई जाएंगी। उन्होंने बताया कि स्वस्थ अंग-स्वस्थ जीवन विषय पर विशेष जागरूकता कार्यक्रम होंगे। साथ ही विद्यालयों के सूचना पट्ट, वाट्सएप ग्रुप और विद्यालय प्रबंधन समिति की बैठकों के माध्यम से स्वास्थ्य और पोषण संबंधी संदेशों का व्यापक प्रचार-प्रसार भी किया जाएगा।