सेमरियावां। बढ़ती महंगाई का असर अब मिठाइयों पर भी दिखाई देने लगा है। दूध, खोआ, चीनी, घी, सूखे मेवे और रसोई गैस सिसिंडर की कीमतों में बढ़ोतरी के चलते मिठाइयों के दाम बढ़ रहे हैं। इसका सीधा असर ग्राहकों की जेब पर पड़ रहा है। लोग अब पहले की तुलना में कम मात्रा में मिठाई खरीद रहे हैं।
सेमरियावां क्षेत्र के बाघनगर, दानोकुइयां, नव्वागांव, चिउटना, सालेहपुर, दुधारा, उसराशहीद, सेहुड़ा, करही आदि बाजारों में लड्डू, बर्फी, पेड़ा, जलेबी, रसगुल्ला और काजू कतली जैसी मिठाइयों के दामों में कुछ महीनों में काफी बढ़ोतरी हुई है। दुकानदारों का कहना है कि मिठाई बनाने में इस्तेमाल होने वाली लगभग सभी सामग्री महंगी हो गई है, जिससे पुराने दाम पर बिक्री करना मुश्किल हो गया है।
मिठाई विक्रेताओं के अनुसार पहले जहां सामान्य मिठाइयां 240 से 280 रुपये किलो तक बिकती थीं, अब वही मिठाइयां 320 से 400 रुपये किलो तक पहुंच गई है। काजू आधारित मिठाइयों के दाम 800 से 1200 रुपये प्रति किलो तक पहुंच चुके हैं। ग्राहकों का कहना है कि महंगाई के कारण अब त्योहार, जन्मदिन, शादी समारोह और अन्य खुशियों के अवसरों पर मिठाई खरीदना पहले जैसा आसान नहीं रह गया है।
मध्यमवर्गीय परिवारों को बजट संभालना मुश्किल हो रहा है।