- विधियानी मोड़, बंजरिया, गोरखल, मिश्रौलिया, गौसपुर सहित कई मोहल्लों में जलभराव
- पानी से उठ रही दुर्गंध, परेशानी झेल रहे वाशिंदे
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। शहर के कई मोहल्लों में खाली पड़े प्लाटों में जलभराव की स्थिति बन गई है। जलनिकासी की व्यवस्था न होने से पानी से दुर्गंध उठ रही है। इन मोहल्लों के वाशिंदों को संक्रामक रोगों के फैलने का डर सता रहा है। विधियानी मोड़, बंजरिया, गोरखल, मिश्रौलिया, गौसपुर, बरदहिया सहित कई मोहल्लों में ऐसी स्थिति देखने को मिल रही है।
शहर के कई मोहल्लों में जलनिकासी के लिए नालियां नहीं बनी हैं। जिसके कारण बारिश का पानी खाली पड़े प्लांटो में भरा है। इससे मच्छर व कीड़े पनप रहे हैं। साथ ही जिन लोगों का मकान बना है, उनकी दीवारों में भी सीलन बना है और नींव कमजोर हो रही है। इन मोहल्लों के लोगों ने कई बार नगर पालिका प्रशासन से गुहार लगाई लेकिन अब तक कोई इंतजाम नहीं हो सका है। ऐसे में संक्रामक रोगों की आशंका से लोग चिंतित हैं।
स्थित यह है कि विधियानी मोड़ से आगे बड़े प्लाट में पानी भरा है। जलनिकासी न होने से पानी से दुर्गंध उठ रही है। आस-पास के लोग परेशान हैं, लेकिन कोई ध्यान नहीं दे रहा है। इसी तरह की स्थिति बंजरिया मोहल्ले में भी देखने को मिल रही है। यहां भी खाली पड़े प्लाटों में पानी भरा है। शहर के गोरखल, मिश्रौलिया, गौसपुर, बरदहिया आदि क्षेत्रों में भी जलभराव की स्थिति से लोगों को जूझना पड़ रहा है।
मच्छरों का प्रकोप बढ़ा, संक्रामक बीमारी की आशंका
मोहल्लों में जलभराव के कारण मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है। साथ ही डेंगू, मलेरिया, मस्तिष्क ज्वर बीमारी आदि की आशंका बनी हुई है। पालिका प्रशासन फाॅगिंग भी नहीं करा रहा है। शहर निवासी दिनेश चौधरी, पवन कुमार आदि ने कहा कि पालिका प्रशासन को ध्यान देना चाहिए।
बोले जिम्मेदार
जलभराव से मच्छरों का प्रकोप बढ़ता है। ऐसे में पानी जमा नहीं होना चाहिए। इससे बीमारियां फैलने का खतरा रहता है।
- डॉ. मुबारक अली, महामारी रोग विशेषज्ञ
जलभराव वाले स्थानों से जलनिकासी के लिए कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं। जल्द ही लोगों को इस समस्या से निजात मिलेगी। साथ ही समय-समय पर फाॅगिंग कराई जा रही है।
- अवधेश कुमार, ईओ, खलीलाबाद