अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर प्रदर्शन करते बिजली कर्मी
संतकबीरनगर। विद्युत निगमों के निजीकरण के विरोध में सोमवार को बिजली कर्मियों ने अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर धरना दिया। इस दौरान बिजली कर्मियों ने निजीकरण और उत्पीड़न के विरोध में 22 जुलाई को व्यापक रूप से धरना-प्रदर्शन का एलान किया।
धरना की अध्यक्षता कर रहे इंजीनियर धनंजय सिंह ने कहा कि निजीकरण का फैसला कर्मचारियों व उपभोक्ताओं के हित में नहीं है। उन्होंने कहा कि आंदोलन को दबाने के लिए कर्मियों का उत्पीड़न किया जा रहा है। इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने जनसुनवाई को असंवैधानिक बताते हुए विद्युत नियामक आयोग से मांग किया कि जनसुनवाई दोबारा रखी जाए और संघर्ष समिति की बात भी सुनी जाए।
संघर्ष समिति के पदाधिकारी दिलीप मौर्य ने निजी घरानों को लाभ पहुंचाने के लिए निजीकरण की साजिश रची जा रही है। इसका हर स्तर पर विरोध किया जाएगा। संघर्ष समिति ने 22 जुलाई को व्यापक विरोध प्रदर्शन करने का एलान किया है।
धरना में इंजीनियर राजेश कुमार, धनंजय सिंह, पंकज कुमार, अमित सिंह, रमेश प्रजापति, पुष्पेंद्र भारती, प्रदुम्न कुमार, श्रवण प्रजापति, धीरेंद्र यादव, उमेश चौधरी, मनोज यादव, नारायण चंद्र आदि माैजूद रहे।