मगहर। कोतवाली क्षेत्र के मगहर चौकी स्थित भरपुरवा गांव में मदरसे के संचालन को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद शुरू हुआ था। जो मंगलवार को जानलेवा साबित हुई।
नवंबर माह में हुई मारपीट की घटना के बाद पुलिस ने दोनों पक्षों की तहरीर पर केस दर्ज किया था। मामले में पिछले दिनों दोनों पक्षों ने संभ्रांत लोगों के बीच-बचाव में आने के बाद आपस में सुलह-समझौता कर लिया था। भरपुरवा गांव में आठ नवंबर को मस्जिद से नमाज पढ़कर निकलने के बाद दोनों पक्ष के बीच मदरसा संचालन एवं नए मदरसे के निर्माण के विवाद को लेकर मारपीट की घटना हुई थी।
दोनों पक्ष से कुछ लोग मारपीट की घटना में चोटिल हुए थे। पुलिस ने एक पक्ष के अब्दुलहसन की तहरीर पर आरोपी नाजिम खान, साकिर अली, शमीम और पप्पू के खिलाफ उसी दिन देर शाम को केस दर्ज किया था। जबकि दूसरे पक्ष के नाजिम की तहरीर पर देर रात को आरोपी तफज्जुल, मनुउल्लाह खान, अब्दुल हसन खान, कामिल खान के खिलाफ केस दर्ज किया है।
नवंबर माह में हुए मारपीट की घटना में दर्ज हुए दोनों पक्ष की तरफ से केस में इधर कुछ लोगों के बीच-बचाव और समझाने बुझाने के बाद दोनों पक्षों ने मामले में सुलह समझौता कर लिया था। अब्दुल हसन का आरोप था कि पिछले लगभग 15 दिन से काली स्कार्पियो आने जाने के दौरान उन लोगों का पीछा करती थी। जिससे किसी अप्रिय घटना को लेकर वह लोग आशंकित थे और इस संबंध में पुलिस विभाग के उच्चाधिकारियों को शिकायत की किया था। उसके बाद भी उनके शिकायत को गंभीरता से नहीं लिया गया।
वहीं घटना की जानकारी मिलने के बाद पत्नी थी बदहवास जबकि मां का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।