संतकबीरनगर। महिलाएं कमजोर नहीं, उनमें हर परिस्थिति का सामना करने की ताकत होती है। वे निर्णय ले सकती हैं और अपना भला-बुरा सोच सकती हैं। वे संकोच का घूंघट हटा दें तो सफलता उनके कदमों में होगी। ये बातें मगहर नगर पंचायत की चेयरमैन संगीता वर्मा ने मंगलवार को अमर उजाला फाउंडेशन के अभियान अपराजिता के तहत आयोजित गोष्ठी में कहीं।
अमर उजाला कार्यालय में मुख्य अतिथि वर्मा ने कहा कि महिलाओं को आगे आना होगा। ऐसा हुआ तो समाज में खुद-ब-खुद बदलाव आएगा। विशिष्ट अतिथि व पीओ डूडा अरुणाभा पांडेय ने कहा कि महिलाएं हर कार्य के लिए दूसरों पर निर्भर हो जाती हैं, इस स्थिति को बदलना जरूरी है और इसे खुद महिलाओं को करना होगा। मुख्य वक्ता व ईओ नगर पालिका खलीलाबाद बीना सिंह ने कहा कि हालात पहले की तुलना में बदले हैं। महिलाओं की सशक्तिकरण का सपना पूरा होने में थोड़ा वक्त लगेगा, लेकिन होगा जरूर। जरूरत है तो बस सार्थक प्रयास की। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहीं राजकीय कन्या इंटर कॉलेज की प्रधानाचार्य आशा यादव ने कहा कि शिक्षा के प्रसार से ही समाज में बदलाव आएगा। ग्रामीण क्षेत्र की महिलाएं जब तक शिक्षित और आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर नहीं होंगी, उन्हें निर्णय लेने का अधिकार नहीं मिलेगा। इस दौरान आशा संघ की जिलाध्यक्ष सरोज यादव, हरजीत कौर, गीता गुप्ता, सुनीता, प्रमिला यादव, शकुंतला यादव मौजूद रहीं।