संतकबीरनगर। किसी भी तरह की आपदा की स्थिति में राहत व बचाव कार्य करने में इंटर कॉलेज के विद्यार्थियों को दक्ष बनाया जाएगा। इसके लिए स्कूलों में विशेष टीम गठित होगी, टीम के सदस्यों को प्रशिक्षित करने के बाद सभी छात्र छात्राओं को आपदा से बचाव की जानकारी दी जाएगी। माध्यमिक विद्यालयों के विद्यार्थियों को आपदा की जानकारी देने के लिए जिला और विद्यालय स्तर पर स्कूल सेफ्टी एडवाइजरी कमेटी का गठन होगा।
कमेटी के गठन के लिए डीआईओएस की ओर से प्रधानाचार्यों को निर्देश दिए जाएंगे। विद्यालय आपदा प्रबंधन समिति में प्रधानाचार्य को अध्यक्ष, उप प्रधानाचार्य या वरिष्ठ शिक्षक के साथ डीआईओएस सदस्य के तौर पर शामिल होंगे। इसके साथ ही एनसीसी, एनएसएस, स्काउट एवं गाइड, क्लास मानीटर में से एक से चार सदस्य लिए जाएंगे।
आपदा विशेषज्ञ अग्निशमन केंद्र व नजदीकी पुलिस स्टेशन का एक-एक कर्मी एक स्थानीय चिकित्सक व नागरिक सुरक्षा से एक वार्डन प्रतिनिधि सदस्य के तौर पर शामिल किया जाएगा। जागरूकता, सृजन, चेतावनी और सूचना प्रसार टीम में एक महिला व एक पुरुष शिक्षक सहित दो छात्र, दो छात्राओं को शामिल किया जाएगा। खोजी व बचाव दल में एक शिक्षक भी होगा।
डीआईओएस ओम प्रकाश मिश्र ने बताया कि आपदा प्रबंधन समिति बनने से छात्रों को आपदा व बचाव के बारे में जानकारी मिलेगी। साथ ही समय-समय संबंधित विभागों की ओर से छात्रों को प्रशिक्षित भी किया जाएगा।