इंडियन डेंटल एसोसिएशन के कार्यक्रम में मौजूद चिकित्सक। स्रोत-एसोसिएशन
संतकबीरनगर। इंडियन डेंटल एसोसिएशन (आईडीए) संतकबीरनगर शाखा की ओर से एक होटल में डेंटल हाइपर सेंसिटिविटी विषय पर सतत दंत चिकित्सा शिक्षा (सीडीई) कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसका उद्देश्य दंत चिकित्सकों को दांतों की संवेदनशीलता से जुड़ी नवीनतम वैज्ञानिक जानकारी, आधुनिक उपचार पद्धतियों और सही निदान की तकनीकों से अवगत कराना था। ताकि मरीजों को बेहतर एवं प्रभावी उपचार उपलब्ध कराया जा सके।
मुख्य वक्ता वरिष्ठ दंत चिकित्सक एवं पूर्व वरिष्ठ प्रवक्ता पीआईडीएस डॉ. संजीव श्रीवास्तव ने कहा कि डेंटल हाइपर सेंसिटिविटी एक सामान्य लेकिन गंभीर समस्या है। ठंडा, गर्म, मीठा अथवा खट्टा खाद्य पदार्थ लेने पर दांतों में तेज दर्द इसका प्रमुख लक्षण होता है।
उन्होंने बताया कि दांतों के इनेमल का घिसाव, मसूड़ों का पीछे हटना, गलत तरीके से ब्रश करना और अन्य कई कारण इस समस्या के लिए जिम्मेदार होते हैं। उन्होंने आधुनिक उपचार पद्धतियों एवं वैज्ञानिक दृष्टिकोण पर विस्तार से जानकारी दी।
डॉ. श्रीवास्तव ने दंत चिकित्सकों से प्रत्येक मरीज की संपूर्ण मौखिक जांच करने तथा समय पर सही निदान और उपचार सुनिश्चित करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि नियमित दंत परीक्षण और बेहतर मौखिक स्वच्छता अपनाकर दांतों से जुड़ी अधिकांश समस्याओं की रोकथाम की जा सकती है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता आईडीए संतकबीर नगर शाखा के अध्यक्ष डॉ. एसआर चौधरी ने की। इस अवसर पर शाखा की सचिव डॉ. सोनी सिंह, कोषाध्यक्ष डॉ. हिमांशु शुक्ला, प्रेसिडेंट इलेक्ट डॉ. हिमांशु शुक्ल, डॉ. दीपक पटेल, डॉ. अमजद सहित आईडीए के सभी सदस्य एवं क्षेत्र के दंत चिकित्सक मौजूद रहे।