सेमरियावां। ईद उल अजहा का पर्व जैसे-जैसे करीब आ रहा है। कुर्बानी के लिए बकरों की खरीद-फरोख्त का सिलसिला तेज हो गया है। सोमवार को सेमरियावां बाजार में बकरा खरीदने वालों की काफी भीड़ रही।
ईद उल अजहा के पर्व पर मुस्लिम समुदाय के लोग पशुओं की कुर्बानी करते हैं। यह पर्व हजरत इब्राहीम अलैहिस्सलाम की याद में मनाया जाता है। कुर्बानी का फर्ज अदा करने के लिए अधिकांश अकीदतमंदों की निगाहें औसत दर्जे के बकरों पर टिकी है। जिनकी खरीद-फरोख्त का फिलहाल बाजार गर्म है। इलाके में करही, सेमरियावां, दानोकुइयां, चिउटना आदि चौराहे पर बकरों का बाजार सज गया है।
29 जून को ईद-उल-अजहा का पर्व है। इस मौके पर कुर्बानी के जानवरों की खरीद-फरोख्त शुरू हो गई है। सेमरियावां की बकरा मंडी सिर्फ बस्ती मंडल ही नहीं बल्कि गोरखपुर, फैजाबाद में भी मशहूर है। इस बाजार में गोरखपुर, सिद्धार्थनगर, महाराजगंज, बस्ती, फैजाबाद, बाराबंकी, अंबेडकरनगर आदि जगहों के बकरा व्यापारी आते हैं। यहां बकरों की बिक्री बड़े पैमाने पर होती है। एक दिन पहले से ही बकरों से भरे गाड़ियों का आगमन शुरू हो जाता है। बकरों की खरीदारी के लिए क्षेत्रवासी और दूर दराज से आने वाले ग्राहक अपनी मन पसंद के बकरे की खरीदारी जमकर कर करते हैं।
सेमरियावां की बकरा मंडी में सोमवार को आठ हजार से पचीस हजार रुपये तक के बकरों की खूब खरीदारी हुई। बाजार में खूब मोल भाव कर जांच परख कर ग्राहकों ने खरीदारी की। कोई एक तो कोई जोड़ी तो कोई चार तो कोई छह बकरों की एक मुश्त खरीदारी की। बकरा खरीदने गए हाफिज मोहम्मद अरशद, मुहम्मद असलम, इल्ताफ हुसैन, मशीयतुल्राह ने बताया कि बकरीद से पहले की यह आखिरी बाजार रही है। लोगों ने खूब बकराें की खरीदादारी की है।