सरयू नदी के बिड़हर घाट पर स्नान करते श्रद्धालु।संवाद
धनघटा। गंगा दशहरा के पर्व पर मंगलवार को श्रद्धालुओं ने सरयू नदी में आस्था की डुबकी लगाकर पुण्य अर्जित किया। इस मौके पर मंदिरों में पूजा पाठ करके लोगों ने मंगल कामना की।
गंगा दशहरा का पर्व मंगलवार को श्रद्धा के साथ मनाया गया। गंगा दशहरा इस बार जेष्ठ मास का अंतिम मंगलवार को होने के कारण अति फलदाई माना जा रहा है। मंगलवार को भोर में ही श्रद्धालु सरयू नदी के विभिन्न तटों पर पहुंचना शुरू कर दिए। प्रमुख रूप से श्रद्धालुओं ने बिडहर घाट पर पहुंचकर आस्था की डुबकी लगाई। इस मौके पर लोगों ने नदी के किनारे अन्न, वस्त्र, घड़ा, छाता, सत्तू, फल आदि दान किया। गंगा दशहरा के अवसर पर गायत्री शक्तिपीठ मुखलिसपुर में भारी संख्या में श्रद्धालु पहुंचकर गायत्री महामंत्र जाप किया। उसके बाद यज्ञशाला में पहुंचकर यज्ञ किया। इस मौके पर गायत्री शक्तिपीठ के मुख्य अर्जक सत्यनारायण शर्मा ने कहा कि गंगा दशहरा के अवसर पर ही मां गंगा धरती पर जनकल्याण के लिए अवतरित हुई। आज के दिन का वैज्ञानिक कारण यह भी है कि आज के दिन से नदियों के जलस्तर में वृद्धि होना शुरू हो जाता है।
इस मौके पर विद्यावती शर्मा, महेश, त्रिपुरारी, संतलाल, रामकेश, अयोध्या आदि लोग मौजूद रहे।