पति की पिटाई से नाराज होकर पत्नी ने प्रेमी के साथ मिलकर रणजीत की हत्या की साजिश रची। इसे रणजीत के बहनोई के छोटे भाई ने अपने दोस्त से मिलकर अंजाम दिया। पुलिस आरोपी पत्नी को गिरफ्तार कर हत्याकांड का खुलासा कर दिया। वहीं हत्या को अंजाम देने वाले आरोपियों की तलाश की जा रही है। वहीं सुनीता को जेल भेज दिया गया।
एसपी शैलेष कुमार पांडेय ने शुक्रवार को हत्याकांड का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि दस जुलाई को धनघटा के भैसही गांव के सीवान में बड़हलगंज (गोरखपुर) के पिड़हनी निवासी रणजीत (30 )पुत्र रामराज उर्फ पप्पू यादव का शव मिला था। मृतक के पिता की तहरीर पर केस दर्ज कर जांच की जा रही थी। जांच में लगे एसओ एमपी चतुर्वेदी और सर्विलांस टीम काल डिटेल और अन्य साक्ष्यों के आधार पर रणजीत की पत्नी सुनीता की संलिप्तता हत्याकांड में मिली।
सुनीता को गिरफ्तार कर पूछताछ की गई तो सच सामने आ गया। पूछताछ में पता चला कि रणजीत रोजगार के लिए तीन साल पहले सऊदी अरब गया था। उसे यहां भेजने में उसकी बहन के देवर विंध्याचल यादव पुत्र चंद्रिका यादव निवासी जगदीशपुर थाना एकौना जिला देवरिया ने मदद की थी। वहीं आजमगढ़ जिले के रौनापार थाना क्षेत्र के इस्माइलपुर निवासी बेचन उर्फ रामबचन यादव के घर विंध्याचल की ननिहाल है। सऊदी अरब में रणजीत का बेचन से संपर्क हुआ था। वहीं सऊदी जाने के बाद रणजीत की पत्नी सुनीता और विंध्याचल की नजदीकियां बढ़ीं। लौटने पर उसे संबंधों का पता चला। जिसे लेकर पति-पत्नी में विवाद होता रहता था।
इसके बाद रोजगार के सिलसिले में रणजीत दिल्ली चला गया। कुछ दिन पहले ही वह लौटा था। पत्नी की हरकतों से आजिज आकर उसने उसे पीट दिया। इससे नाराज सुनीता ने प्रेमी विंध्याचल के साथ मिल कर हत्या की योजना बनाई। नौ जुलाई को रणजीत अपने दोस्त बांसगांव निवासी सत्येंद्र के भाई की बारात में शामिल होने बेलघाट क्षेत्र में जा रहा था। पति से बात कर वह इसकी सूचना विंध्याचल को देती रही। विंध्याचल ने अपने दोस्त और रिश्तेदार बेचन के साथ मिलकर रणजीत की हत्या कर शव को भैसही गांव के सीवान में फेंक दिया।