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बेटे की थी तलाश, हत्या की खबर मिली

Tue, 27 Oct 2015 10:21 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो/संतकबीरनगर
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उन्नीस अक्टूबर से दिल्ली स्थित अपने घर से गायब हुए देवेंद्र कुमार राठौर की परिजन तलाश कर रहे थे, अचानक संतकबीरनगर जिले में उसकी हत्या की खबर मिली तो वे अवाक रह गए।
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कोतवाली खलीलाबाद में आए पिता, भाई और दोस्त की आंखें नम थीं, कभी किसी पुलिस वाले से तो कभी दूसरे से अपने बेटे की मौत की वजह पूछ रहे थे।
बेटे की मौत के गम में उनकी आंखें पथरा सी गई थीं, लेकिन रूहासे मन से यहीं सवाल कर रहे थे कि इधर न तो उनकी कोई रिश्तेदारी है और न ही कभी देवेंद्र यहां के किसी व्यक्ति की चर्चा ही करता था।
आखिर यहां किसके साथ आया और क्यों आया, उसकी हत्या करने वाले लोग कौन हैं और घटना की वजह क्या है। उनके दर्द को सुनकर वहां मौजूद लोगों का मन भी दुखित हो जा रहा था।
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नजफगढ़ नई दिल्ली निवासी जयपाल सिंह ने बताया कि उसके तीन बेटे थे। जिसमें देवेंद्र कुमार राठौर बड़ा था और पवन कुमार व प्रवीण कुमार छोटे हैं।
वह दिल्ली में ही एक राशन की दुकान पर मजदूरी करता है। जबकि बड़ा बेटा देवेंद्र भी दिल्ली में ही बैंड की दुकान पर काम करता था। बडे़ बेटे की भी अभी शादी नहीं हुई थी।
आगे बताया कि 19 अक्टूबर को देवेंद्र घर से 19000 रुपये लेकर निकला था और फिर घर वापस नहीं लौटा। उसके दोस्तों और रिश्तेदारों के वहां तलाश की गई, लेकिन बेटे का कहीं पता नहीं चला।
25 अक्टूबर की शाम को नजफगढ़ नई दिल्ली थाने की पुलिस ने यह खबर दिया कि देवेंद्र की संतकबीरनगर जिले के कोतवाली क्षेत्र में हत्या हो गई है।
यह खबर मिलते ही पूरे परिवार पर कहर टूट पड़ा। घर पर मां राजवती बेटे की मौत से बेसुध है। इधर साथ में आया भाई और दोस्त भी शव देख कर फफक पडे़।
आगे बताया कि यहां बेटा कैसे पहुंचा यह भी उन्हें पता नहीं है। संभावना है कि दिल्ली में यहां का कोई रहने वाला काम करता रहा हो, उसी के बहकावे में आ कर बेटा यहां आ गया हो, लेकिन उसकी हत्या क्यों और किसने की यही शब्द जुबान पर बार-बार आ रहा था।
दोस्त मनोज ने बताया कि यहां आने पर अब तक यही पता चला कि कोतवाली क्षेत्र के जंगल कला खुशिया गांव के पूरब में 25 अक्टूबर को देवेंद्र का शव मिला था।
पुलिस हत्या की आशंका जाहिर कर रही है। दुखी मन से बताया कि दोस्त देवेंद्र में सिर्फ यहीं बुराई थी कि वह कभी-कभार शराब पी लेता था, इसके अलावा कोई अन्य बुराई उसने कभी न देखी और न सुनी थी।
परिजन यह भी आशंका जाहिर कर रहे थे कि कहीं देवेंद्र के पास मौजूद रुपयों के लिए तो उसकी हत्या नहीं कर दी गई। परिजनों द्वारा शिनाख्त कि पुष्टि के बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
कोतवाल बब्बन यादव ने बताया कि शक के आधार पर एक महिला समेत चार लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। महिला की निशानदेही पर मृतक के मोबाइल फोन को कब्जे में लिया गया है।
उस फोन के कॉल डिटेल को सर्विलांस से यह पता किया जा रहा है कि किस-किस मोबाइल नंबर से युवक की बातचीत हुई थी और वह लोग कौन हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत का कारण स्पष्ट हो जाएगा, उसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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