सीएचसी सेमरियावा : यहां नहीं होती है खून की जांच
- एक मशीन एक साल से तो दूसरी मशीन डेढ़ साल से क्रियाशील नहीं
- प्राइवेट लैब पर जांच कराने पर मरीजों को करनी पड़ रही जेब ढीली
सेमरियावां। सीएचसी सेमरियावां का पैथोलॉजी लैब मरीजों को जांच सुविधाएं देने में नाकाम साबित हो रहा है। सीबीसी जांच मशीन में एक साल से रीजेंट नहीं है, तो वहीं सेमी ऑटोलाइजर जांच मशीन डेढ़ साल से संचालित न होने से मरीजों की जांच नहीं हो पा रही है। जांच के लिए मरीज इधर- उधर भटकने को मजबूर हैं। वहीं प्राइवेट पैथोलॉजी पर जाने से मरीजों को जेब ढीली करनी पड़ रही है। जिससे लोगों में आक्रोश है।
पैथालॉजी लैब में सीबीसी जांच मशीन में एक साल से रीजेंट नहीं है। वहीं ब्लड शुगर, एलपीटी, केपीटी, यूरिक एसिड जांच के लिए सेमी ऑटोलाइजर मशीन डेढ़ साल पहले आई है, तब से रीजेंट नहीं है। जिससे मशीन क्रियाशील न होने से संचालित नहीं हो सकी है। मरीज जांच के लिए परेशान हैं। इरशाद अहमद, जहीर अहमद, राम सागर, दयाराम, वसीम खान आदि ने बताया कि जांच के लिए सीएचसी में मशीन खराब कहकर वापस लौटा दिया जा रहा है। बाहर पैथोलॉजी में जाना पड़ता है। जिससे जेब ढीली करनी पड़ती है। बाहर जांच कराने में सक्षम नहीं है। राज कुमार, बशर, नूर मोहम्मद आदि ने बताया कि अस्पताल के पैथोलॉजी लैब में सुविधाओं का अभाव है। ब्लड शुगर जांच की मशीन जब से आई है, संचालित नहीं है। जिससे मरीजों को प्राइवेट पैथोलॉजी लैब जाना पड़ता है। लैब टेक्नीशियन सुरेंद्र कुमार, जय प्रकाश, लव कुश मौजूद हैं। टेक्नीशियन को फ़ोन से अवगत कराया गया है। जांच मशीन बेकार है। सीएचसी अधीक्षक डॉक्टर सुरेश चंद्र ने बताया कि मशीन रीजेंट के लिए उच्चाधिकारियों को पत्र भेजा गया है। रीजेंट आते ही यहां लोगों को सभी सुविधाएं मिलनी शुरू हो जाएगी। यहां मरीजों को बेहतर सुविधाएं देनी की कोशिश है।