संयुक्त शिक्षा निदेशक गोरखपुर मंडल ने शनिवार केे बीएसए कार्यालय में पहुंच कर एक निलंबित पूर्व बीएसए के सीडी प्रकरण की जांच की। इस दौरान उन्होंने सीडी में दर्शाए गए मान्यता प्रकरण से संबंधित फाइलों के बारे में बीएसए और कर्मचारियों को करीब दो घंटे तक बातचीत की।
बतादें कि एक जनपद में तैनात एक पूर्व बीएसए पर मान्यता से संबंधित फाइलों में घूूस मांगने का आरोप है। जिसका रिकार्ड एक सीडी में है। इस मामले में शासन ने बीएसए को निलंबित कर दिया है। बताया जा रहा है कि सीडी की सत्यता जानने की जांच जेडी गोरखपुर मंडल सूरज नारायण मिश्र को मिली है। जेडी बीएसए कार्यालय पर पहुंच कर सबसे पहले बीएसए से फाइल से संबंधित मामलों के बारे में पूछताछ की। बीएसए ने बताया कि अभी वह कुछ ही दिनों पहले कार्यभार ग्रहण किए है। इसकी वजह से उन्हे इस बारे में कुछ जानकारी नहीं है। इसके बाद पटल लिपिक से एक-एक फाइल के बारे में जानकारी मांगी। जेडी के कार्यालय पहुंचने की सूचना पर कर्मचारियों में हड़कंप मचा रहा है। जेडी ने एक-एक कर सभी कर्मचारियों से पूछताछ किया। उन्होंने तत्कालीन बीएसए के कार्यकाल में विद्यालयों के मान्यता से संबधित सभी जानकारी लिया। इसके साथ ही कुछ फाइलों के बारे में गहनता से पूछताछ किया। इस अवसर पर बीएसए जगदीश शुक्ल, लिपिक राकेश मणि त्रिपाठी, स्टेनो सुनील कुमार पांडेय, राजकुमार पांडेय, डीसी एमडीएम धीरेंद्र प्रताप चंद, डीसी समेकित शिक्षा रजनीश वैद्यनाथ समेत अन्य मौजूद रहे।