बुद्ध से कबीर तक शांति यात्रा निकाली गई
संतकबीरनगर। एचआरपीजी कॉलेज के मुख्य गेट से शुक्रवार को बुद्ध से कबीर तक यात्रा का आयोजन हुआ। इसमें काफी संख्या में लोग शामिल हुए। यात्रा कॉलेज से निकल कर जूनियर हाईस्कूल में पहुंची, जहां पर एक सभा हुई।
बुद्ध से कबीर तक यात्रा के मुख्य संरक्षक गुजरात के पूर्व डीजीपी डॉ. विनोद कुमार मल्ल ने बुद्ध और कबीर के विचारों के माध्यम से सामाजिक सौहार्द और संस्कृति के बारे में बताया और आपस में मिलजुल कर रहने की बात कही। गुजरात की वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी अनुराधा मल्ल ने कहा कि बुद्ध, गुरु गोरक्षनाथ, महावीर, गुरुनानक, कबीर, गांधी, बाबा साहब आंबेडकर आदि युग पुरुष हमेशा से प्रासंगिक थे और आगे भी रहेंगे। उन्होंने युवाओं का विशेष रूप से आह्वान करते हुए कहा कि आज आवश्यकता है कि हम वापस किताबों की ओर चलें, अपनी संस्कृति, महापुरुषों के बारे में जानकारी लें। समाजसेवी डॉ. उदय प्रताप चतुर्वेदी ने कहा कि यह यात्रा मील का पत्थर साबित होगी। इसके जरिए लोगों को कबीर और बुद्ध के विचारों की जानकारी मिलेगी। इसके बाद यात्रा कबीर की स्थली पर पहुंची और फिर गोरखपुर के लिए रवाना हो गई। इस दौरान मुंबई के कस्टम आयुक्त सुनील मल्ल, अजीत सिंह, आलोक श्रीवास्तव, बलराम यादव, दानिश खान, अभयानंद सिंह, रवि श्रीवास्तव, अरशद खान, गिरजेश कुमार समेत अन्य मौजूद रहे।
लोगों ने किया स्वागत
मगहर। सद्भावना और प्रेम का संदेश लेकर शुक्रवार को बुद्ध से कबीर तक की सद्भावना यात्रा का कबीर चौरा मगहर में चेयरमैन प्रतिनिधि राजेश उर्फ गुड्डू वर्मा के नेतृत्व में स्वागत किया गया। स्वागत करने वालों में संत केशव दास, वेदप्रकाश चौबे, पूर्व चेयरमैन नुरुज्जमा अंसारी, अवधेश सिंह, त्रिलोकी नाथ वर्मा, सभासद सिबतैन मुस्तफा, मोहम्मद असअद, संत शांति दास, अत्रेश श्रीवास्तव, गौरव निषाद, संत राम सरन दास, विनोद दास, अनस, तनु अब्दीन, शुभांगी, माही, विनोद दास, ओमप्रकाश निर्भीक, विजय तिवारी, अलकेश गुप्ता, हरिओम, शाहबाज, शालिनी, सुधीर, जितेंद्र, अजीत सिंह आदि शामिल रहे।