संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। एडीएम वित्त एवं राजस्व सत्य प्रकाश की अध्यक्षता में रविवार को विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों की निर्वाचक नामावलियों का विशेष पुनरीक्षण के संबंध में कलेक्ट्रेट सभागार में बैठक हुई। एडीएम ने कहा कि मतदाताओं की सुविधा के लिए 1200 से अधिक मतदाता वाले मतदेय स्थलों को विभाजित करके नए मतदेय स्थल बनाए गए हैं।
बैठक में मान्यता प्राप्त कई राजनीतिक दल के प्रतिनिधि शामिल रहे। एसडीएम ने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों को अवगत कराया कि भारत निर्वाचन आयोग ने अपेक्षा की है कि संभाजन के लिए योजना बनाते समय यह सुनिश्चित किया गया है कि एक पोलिंग स्टेशन लोकेशन पर मतदेय स्थलों के मध्य यथासंभव समान संख्या में मतदाता हों और कोई भी परिवार न टूटे। परिवार के सभी सदस्यों को समान अनुभाग एवं समान स्थान पर रखा गया है। उन्होंने बताया कि किसी भी मतदेय स्थल पर 300 से कम मतदाता नहीं हैं एवं किसी भी मतदेय स्थल पर 1200 से अधिक मतदाता नहीं हैं। सभी मतदेय स्थलों पर रैंप, पानी, शौचालय, विद्युत, कुर्सी- मेज आदि की व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी।
एडीएम ने बताया कि जनपद के तीनों विधानसभा क्षेत्रों के कुछ मतदेय स्थलों पर संभाजन के उपरांत विधानसभा क्षेत्र 312 मेंहदावल में प्रस्तावित मतदेय स्थलों की संख्या 569, 313 खलीलाबाद विधानसभा क्षेत्र में मतदेय स्थलों की संख्या 542 एवं 314-धनघटा (अनुसूचित जाति) विधानसभा क्षेत्र में मतदेय स्थलों की संख्या 486 हो गई है, जिस पर समस्त राजनीतिक दलों के पदाधिकारियों द्वारा सहमति व्यक्त की गई।
इस प्रकार संभाजन के उपरांत जनपद के तीनों विधानसभा क्षेत्रों में मतदेय स्थलों की कुल संख्या 1597 हो गई है।
बैठक में भाजपा के आदित्य यादव, ब्रह्मानंद पांडेय, समाजवादी पार्टी के मनोहर सिंह, रामभवन शर्मा, बहुजन समाज पार्टी से अजय कुमार गौतम, अपना दल एस के जगमोहन चौधरी आदि उपस्थित रहे।