खलिहान की जमीन में चबूतरा बनाने के लिए रखी सामग्री और विवाद के दौरान जमा भीड़।
लोहरौली। दुधारा थाना क्षेत्र के बरैनिया गांव में सोमवार को भगवान बुद्ध और आंबेडकर मूर्ति स्थापना के लिए हो रहे चबूतरे के निर्माण को लेकर तनाव का माहौल उत्पन्न हो गया। दो पक्षों के बीच भूमि को लेकर विवाद इतना बढ़ गया कि बात नोकझोंक की स्थिति तक पहुंचने लगी। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंचकर काम रूकवा दिया तथा यथा स्थिति बनाए रखने का निर्देश दिया। बरैनिहां गांव निवासी विकास पुत्र राजा ने गौतम बुद्ध एवं आंबेडकर प्रतिमा स्थापित करने की योजना बनाई गई थी। इसके लिए गांव के एक खाली पड़े स्थान पर सोमवर की सुबह निर्माण कार्य शुरू किया गया। इसी दौरान दूसरे पक्ष से जुड़े बेचन पुत्र बनारसी ने इसका विरोध करते हुए दावा किया कि यह जमीन खलिहान की है। जिस पर किसी प्रकार का निजी निर्माण गैरकानूनी है। दोनों पक्षों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि आसपास के ग्रामीणों की भीड़ भी इकट्ठा हो गई और माहौल तनावपूर्ण हो गया। सूचना मिलते ही दुधारा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और अतिरिक्त पुलिस बल को भी बुला लिया गया। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए स्थिति को नियंत्रित किया तथा निर्माण को रोकवा दिया।
मूर्ति स्थापना के पक्षकार विकास ने बताया कि यह भूमि हमारे समुदाय के लोगों के कब्जे में है और वर्षों से यह खाली पड़ी थी। जबकि विपक्षी पक्ष के बेचन का कहना है कि यह भूमि सरकारी और खलिहान की भूमि है। यहां किसी भी प्रकार का निर्माण गैरकानूनी है। दुधारा थानाध्यक्ष इंद्रभूषण सिंह ने बताया कि निर्माण का रोक दिया गया है तथा मौके की निगरानी की जा रही है। ताकि किसी प्रकार के विवाद की स्थिति न पैदा हो। दोनों पक्ष एसडीएम के यहां आवेदन दें, वह जैसा कहेंगे, उसी के आधार पर कार्रवाई होगी।