-विस्तारित क्षेत्रों में कहीं नहीं दिख रहे कूड़ा पात्र
- संक्रामक बीमारियों के फैलने का खतरा
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। शहर की आबादी एक लाख से ऊपर पहुंच गई है। 25 वार्डों में बटी इस आबादी को साफ-सुथरा रखने के लिए करीब 500 सफाई कर्मियों की तैनाती की गई है। इसके बावजूद शहर में सफाई व्यवस्था पूरी तरह से लचर है। सीमा विस्तारित क्षेत्रों में न तो कूड़ा पात्र रखे गए हैं न ही नियमित सफाई हो रही है। प्रशासन ने कूड़ा निस्तारण के लिए निर्देश के बावजूद पालिका कोई व्यवस्था नहीं कर पाया है। ऐसे में शहरवासी परेशान हैं और संक्रामक बीमारियों के फैलने की आशंका बनी हुई है।
शहर में भारी भरकम सफाई कर्मियों तैनाती है। दावा किया जा रहा कि प्रतिदिन नालियों और नालों की सफाई हो रही है, लेकिन शहर के तमाम नाले जाम पड़े है। नालों व नालियों की सफाई नियमित न होने के कारण जगह-जगह नाले व नालियां जाम पड़ी हुई है। वर्तमान स्थिति यह है कि शहर के बंजरिया से नेदुला जाने वाले मार्ग पर नालियां जाम हो गई हैं और ओवरफ्लो हो रही है। जिसके कारण सड़क तक नालियों का गंदा पानी पसरा हुआ है। जिससे लोगों को आने-जाने में परेशानी उठानी पड़ रही है।
साथ ही जगह के मुखलिसपुर तिराहा, जिला अस्पताल के पास, औद्योगिक क्षेत्र आदि स्थानों पर कूड़ा का ढेर लगा हुआ है। यही नहीं कूड़ा निस्तारण के नाम पर शहर से निकलने वाला कूड़ा भी औद्योगिक क्षेत्र में खाली पड़े स्थान पर गिराया जा रहा है। जिससे दुर्गंध उठ रही और संक्रामक बीमारियों की आशंका बनी हुई हैं।
सीमा विस्तारित क्षेत्रों की सफाई पर नहीं है ध्यान
वर्ष 2020 को नगर पालिका परिषद खलीलाबाद का सीमा विस्तार हुआ। इसके साथ ही 16 गांवों को शहर में शामिल हो गए। यहां पर ब्लॉक स्तर से तैनात सफाई कर्मियों को वापस बुला लिया गया और सफाई का जिम्मा नगर पालिका को सौंप दिया गया। अब भी सफाई यहां व्यवस्था घिसट रही है। कहीं पर भी कूड़ा पात्र नही लगा है। इस क्षेत्र के निवासी मनोज कुमार, संजय मिश्र आदि ने कहा कि सफाई व्यवस्था काफी खराब है। कूड़ा पात्र न होने से लोग कूड़ा सड़क के किनारे फेंक दे रहे हैं। इससे समस्या बढ़ गई है। इस पर ध्यान दिए जाने की जरूरत है।
शहर को स्वच्छ बनाए रखने के लिए सफाई कर्मियों की तैनाती की गई है। निर्देश दिए गए हैं कि नियमित रूप से सभी वार्डों में सफाई की जाए। सीमा विस्तारित क्षेत्र में कूड़ा पात्र रखवाने के लिए जल्द ही कदम उठाए जाएंगे।
- अवधेश कुमार, ईओ, नगर पालिका परिषद खलीलाबाद