संतकबीरनगर। सत्र न्यायाधीश अनिल कुमार वर्मा प्रथम ने गबन के मामले में दो सगे भाइयों समेत तीन की अग्रिम जमानत अर्जी खारिज कर दी। जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी विशाल श्रीवास्तव ने बताया कि महुली क्षेत्र के बसिया जोत निवासी अशोक त्रिपाठी ने कोतवाली पुलिस को तहरीर दी। कहा कि कोतवाली क्षेत्र के उतरौलिया निवासी राजमणि एवं शेषमणि व प्रेमचंद ने उसको विश्वास में लेकर उसके साले के बेटे को नौकरी दिलाने व शादी के लिए लगभग सत्रह लाख तिरसठ हजार रुपठे लेकर हड़प लिया। शेषमणि ने कहा कि फॉर्चून रिफाइंड व कोलगेट की एजेंसी दिला दूंगा व उसी में उसके साले के बेटे को बड़े पद पर नौकरी दिला दूंगा। तीनों लोगों की बातों पर विश्वास करके पीड़ित ने अपनी पत्नी के खाते से नकद तथा अन्य माध्यम से रुपये दिए। आरोप लगाया कि आरोपियों ने उसका पैसा हड़प लिया और अब तक न तो उसे फॉर्चून रिफाइंड व कोलगेट की एजेंसी ही दिलाई और न ही उसके साले के बेटे की नौकरी ही लगवाई। न ही उसका पैसा ही वापस कर रहे हैं। लेनदेन का पूरा विवरण तहरीर के साथ संलग्न है। कोतवाली पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ गबन का केस दर्ज किया। आरोपियों ने अधिवक्ता के माध्यम से कोर्ट में अग्रिम जमानत अर्जी पेश की। कोर्ट ने सगे भाई आरोपी राज मणि पांडेय, शेष मणि पांडेय और प्रेम चंद्र की अग्रिम जमानत अर्जी खारिज कर दी। संवाद