पुनीत कुमार मिश्र
संतकबीरनगर। सीएमओ कार्यालय परिसर में खड़ी एंबुलेंस में आखिर किसने आग लगाई है। यह सवाल खड़ा हो रहा है। डेढ़ माह में अब तक कुल 14 एंबुलेंस में लाग लगाकर नष्ट करने का प्रयास किया गया है, लेकिन अभी तक आग लगाने वाले का पता नहीं चल सका है। इस बार आग लगाने वाला शख्स सीसीटीवी में कैद हो गया है। अब लोगों की निगाह पुलिस पर टिकी है। आग लगाने वाले का पता चलने के बाद अब तक हुई घटनाओं का भी पर्दाफाश हो जाएगा।
जिला अस्पताल में पांच मई को पुलिस चौकी के पास खड़ी 10 खराब एंबुलेंस में सुबह में किसी ने आग लगा दी। आग में सभी एंबुलेंस जलकर राख हो गईं। दमकल की दो गाड़ियों ने आग पर किसी तरह से काबू पाया। अभी इस घटना को लोग भूले नहीं थे, कि 25 मई को उसी पुलिस चौकी के पास खड़ी खराब दो एंबुलेंस में किसी ने आग लगा दी। उसी दिन पीकू वार्ड के पीछे खड़ी एंबुलेंस में भी आग लग गई। दमकल की गाड़ियों ने किसी तरह से आग के बुझाया था।
अभी इस घटना को बीते एक माह भी नहीं हुुआ था कि शनिवार की सुबह सीएमओ कार्यालय परिसर में खड़ी नेशनल मोबाइल मेडिकल यूनिट के एंबुलेंस में एक युवक ने आग लगा दी। पिछली दोनों घटनाओं में सीसीटीवी में कुछ नहीं मिला था, वहां सीसीटीवी कैमरा नहीं था। इसकी वजह से आग लगाने वाले का पता नहीं चल सका था। इस बार सीएमओ कार्यालय में लगे सीसीटीवी में आग लगाने वाला शख्स दिखाई दे रहा है। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज लेकर जांच पड़ताल शुरू कर दी है। सवाल यह उठता है कि आखिर एंबुलेंस में ही आग क्यों लगाई जा रही है। इसमें किसका हाथ है यह तो आग लगाने वाले शख्स के पकड़े जाने के बाद ही पता चल पाएगा।