संतकबीरनगर/बस्ती। लालगंज थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत चकिया के राजस्व गांव पलहिया में रविवार रात को 20 वर्षीय उजमा पुत्री निसार अहमद की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई।
परिजनों ने सोमवार सुबह बारिश के बीच आनन-फानन शव को कुछ ही दूरी पर संतकबीरनगर जिले के धनघटा थाना क्षेत्र के सोनहन के कब्रिस्तान में दफना दिया। इसी बीच जानकारी होने पर पहुंची पुलिस ने पूछताछ शुरू की। परिवार के लोगों ने पहले तो बीमारी से मौत बताया लेकिन, मृतका की मां ने पुलिस को बताया कि पंजाब के एक युवक के प्रेम प्रसंग की वजह से उसने फंदा लगा लिया। पुलिस संतकबीरनगर प्रशासन से कब्र खोदकर शव निकलवाने की अनुमति लेने का प्रयास कर रही है।
जानकारी के मुताबिक, पलहिया की उजमा का शव लेकर परिवार के लोग बारिश के बीच दफन करने निकले तो लोगों को शक हुआ। क्षेत्र में इसकी चर्चा होने लगी और सोशल मीडिया पर युवती की हत्या की आशंका जताई जाने लगी।
सूचना मिलने पर क्षेत्राधिकारी स्वर्णिमा सिंह, लालगंज थानाध्यक्ष शशांक शेखर राय और चौकी प्रभारी कुदरहा रामानंद सिंह फॉरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने मृतका की मां फरजाना खातून और 16 वर्षीय भाई मोहम्मद सुबहान से पूछताछ की। परिजनों का कहना है कि उजमा एक सप्ताह से बुखार से पीड़ित थी और मेडिकल स्टोर से दवा ले रही थी। परिजनों के अनुसार, रविवार की रात अचानक तबीयत बिगड़ने के बाद उसकी मौत हो गई। परिजनों ने रिश्तेदारों के साथ मिलकर शव को जल्दबाजी में दफना दिया।
हालांकि, जांच के दौरान मृतका की मां ने खुलासा किया कि उजमा के सोशल मीडिया के माध्यम से पंजाब के एक युवक से दो वर्षों से प्रेम संबंध थे। वह उससे शादी करना चाहती थी, लेकिन युवक का गैर बिरादरी का होना परिवार को मंजूर नहीं था। परिवार में इसी बात को लेकर अक्सर विवाद होता रहता था। मां का आरोप है कि इसी मानसिक दबाव में आकर उजमा ने सोमवार की मध्यरात्रि को फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।
मृतका के पिता निसार अहमद और दो भाई सऊदी अरब में नौकरी करते हैं, जबकि उसकी मां और छोटा भाई घर पर रहते थे। दो बहनों की शादी हो चुकी है और वे ससुराल में रहती हैं।
क्षेत्राधिकारी रुधौली ने बताया कि चूंकि कब्रिस्तान दूसरे जिले (संतकबीरनगर) में है, इसलिए वहां से शव निकालने के लिए जिला प्रशासन से अनुमति की प्रक्रिया चल रही है। अनुमति मिलने के बाद शव को कब्र से निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा जाएगा, तभी मौत के असली कारण का पता चल सकेगा।