संतकबीरनगर। एक साल पहले मुलाकात। फिर बात। और फिर प्यार। प्यार परवान और दोनो ने दस रुपये के स्टांप पर शादी भी रचा ली। अयोध्या से लेकर मुंबई तक घूमाने के बाद पीड़िता को प्रेमी उसके गांव के पास छोड़कर भाग गया। इसके बाद पीड़िता को न तो परिवार वालों ने भी पनाह नहीं दी। तीन दिन तक गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर भटकने पर शुक्रवार को पीड़ित एपी संतकबीरनगर से मिली। एसपी ने उसे महिला थाने भेजकर पूरे मामले की जांच एसओ महिला थाना को दी है।
महराजगंज जनपद के पनियरा थाना क्षेत्र की रहने वाली 18 वर्षीय युवती ने बताया कि गोरखपुर के बरगदवा में उसकी मौसी रहती हैं। मेंहदावल क्षेत्र के एक गांव के एक युवक का बरगदवां में मकान है। यही दोनों की मुलाकात हुई थी और प्रेम की पीगें परवान चढ़ी थी। इस बीच युवती के घर वालों ने उसकी शादी दूसरी जगह तय कर दी। इसकी जानकारी होने पर प्रेमी उसे शादी का झांसा देकर 13 जून 2014 को खलीलाबाद ले आया और उसने कचहरी में दस रुपये के स्टांप पर ही विवाह रचा लिया। इसके बाद उसे अयोध्या ले गया और यहां वे दो दिन तक होटल में रहे। प्रेमिका के बीमार होने पर उसे गोरखपुर लाकर सदर अस्पताल में भर्ती कराया। इसके बाद उसे अपने गांव ले गया और चार दिन तक रखा। फिर टहलाने के बहाने मुंबई ले गया। दो दिन मुंबई घुमाकर प्रेमिका के गांव के पास छोड़ कर भाग गया। परिवार के लोग भी साथ रखने को तैयार नहीं है और प्रेमी के घर वाले भी मुंह फेर लिए। तीन दिन गोरखपुर रेलवे स्टेशन पर रात गुजारने के बाद शुक्रवार को एसपी से मुलाकात कर पीड़िता ने अपनी व्यथा बयां की। एसपी अतुल शर्मा ने पीड़िता को महिला थाने भेजवाया और प्रकरण की जांच एसओ महिला थाना मंजू पांडेय को दिया। काउंसलिंग के माध्यम से पहले मामले को सुलझाने का सुझाव भी दिया।